अध्यापक नियमावली 2023 त्रुटिपूर्ण और विसंगतियुक्त:राजद नेता प्रिय रंजन।
RKTV NEWS/अनिल सिंह,26 मई।बिना शर्त पुराने नियोजित शिक्षकों को राज्यकर्मी घोषित किए जाने तक शिक्षकों का आंदोलन जारी रहेगा। आंदोलनरत शिक्षक बिहार सरकार की धमकियों और बंदरघुडकियों से डरनेवाले नहीं हैं। बिहार माध्यमिक शिक्षक संघ के बैनर तले चल रहे जेपी मूर्ति, रमना मैदान के समीप धरना को संबोधित करते हुए शिक्षक नेताओं ने शुक्रवार को उक्त बातें कहा। शिक्षक नेताओं ने कहा कि बिहार माध्यमिक शिक्षक संघ एकमात्र ऐसा संगठन है जिसके कार्यकर्ता पठन- पाठन का काम और अपनी ड्यूटी पूरा करते हुए शांतिपूर्वक अपने आंदोलन को गति दिए हुए हैं। राजद नेता प्रिय रंजन जी ने कहा कि बिहार अध्यापक नियमावली, 2023 राज्य सरकार का तुगलकी फरमान है और मानसिक दिवालियापन का परिचायक है। उन्होंने कहा कि प्रोन्नति और वरीयता को धत्ता बताते हुए अधिसूचित नियमावली त्रुटिपूर्ण और विसंगतियुक्त है।
शुक्रवार को धरना की अध्यक्षता संघ के जिलाध्यक्ष डॉ अवधेश कुमार ने किया और धरना का संचालन आरा प्रमंडल कार्य समिति सदस्य मनोज कुमार मंडल ने किया। धरना में शामिल प्रमुख शिक्षक नेताओं में जिला सचिव संतोष कुमार सिंह, राज्य कार्यसमिति सदस्य आनंद पाण्डेय, प्रमंडल उपाध्यक्ष भीम राय और प्रमंडल कोषाध्यक्ष राकेश कुमार सिंह , अनपूर्ण सिन्हा, अभय कुमार सिंह, शशि प्रकाश , रविंद्र सिन्हा, राकेश कुमार सिन्हा जॉली कुमारी, नंदिनी तिवारी, ब्रजेश पाठक, रामानुज सिंह, बबिता शाह, अजीत कुमार अनुमंडल सचिव राजेश तिवारी, मनोज कुमार सिंह, चंद्रशेखर सिंह, मृत्युंजय पांडेय, क्षितिज भूषण पांडेय समेत दर्जनों शिक्षक नेता एवम शिक्षक थे।


अध्यापक नियमावली 2023 त्रुटिपूर्ण और विसंगतियुक्त:राजद नेता प्रिय रंजन।