राज्य सरकार की प्राथमिकता है बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं, शासन की मंशा के अनुरूप कार्य करे स्वास्थ्य विभाग।

जनहित को केंद्र में रखकर बागपत में स्वास्थ्य व्यवस्थाओं की समीक्षा, अव्यवस्थाओं पर सुधार के दिए निर्देश।

नियमित निरीक्षण से मजबूत करें स्वास्थ्य सेवाएं, स्वास्थ्य विभाग को दिए कड़े निर्देश।

हर मरीज तक बेहतर सुविधा पहुंचाने पर सरकार का फोकस, स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार पर जोर।
RKTV NEWS/बागपत(उत्तर प्रदेश)21 जनवरी। उत्तर प्रदेश के माननीय उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने बुधवार को बागपत जनपद का एक दिवसीय भ्रमण कर विभिन्न योजनाओं का स्थलीय निरीक्षण किया। भ्रमण के दौरान उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जनहित से जुड़े कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी और लापरवाही पाए जाने पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित होगी। इस दौरान जिलाधिकारी अस्मिता लाल एवं सभी संबंधित विभागों के अधिकारीगण भी मौजूद रही।
भ्रमण की शुरुआत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बागपत से हुई, जहां उप मुख्यमंत्री को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इसके बाद उन्होंने अस्पताल परिसर का जिलाधिकारी एवं सीएमओ की उपस्थिति में गहन निरीक्षण किया। ओपीडी, डिलीवरी वार्ड, न्यू बॉर्न बेबी, महिला वार्ड, नेत्र जांच कक्ष, दंत रोग, इमरजेंसी कक्ष सहित अन्य विभागों का अवलोकन करते हुए उन्होंने सभी मशीनों को पूर्ण रूप से क्रियाशील रखने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान जगह-जगह अव्यवस्था देखकर उन्होंने नाराजगी जताई और तत्काल सुधार के आदेश दिए। इस दौरान आवश्यक अभिलेखों और सामग्री की स्थिति भी जांची गई।
सीएचसी परिसर में खिड़कियों के किनारे फैले कूड़े-कचरे पर उप मुख्यमंत्री ने सख्त रुख अपनाया। मौके पर ही सफाई व्यवस्था में लापरवाही के लिए संबंधित सफाईकर्मी के एक दिन का वेतन रोकने तथा जवाब तलब करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अस्पताल स्वच्छता का प्रथम केंद्र होता है, जहां किसी भी प्रकार की गंदगी मरीजों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ है। शौचालय बंद मिले जिसको लेकर नाराजगी व्यक्त की।
इसके बाद उन्होंने पोषण पुनर्वास केंद्र का निरीक्षण किया। यहां व्यवस्थाओं की जानकारी लेते हुए सीएचसी अधीक्षक को साफ-सफाई और नियमित संचालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान अस्पताल का स्टोर बंद मिला, जिस पर “कार्य जारी है” का नोट चस्पा था। इस पर उप मुख्यमंत्री ने कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार के बहाने स्वीकार्य नहीं हैं। उन्होंने निर्देश दिए कि निर्धारित समयावधि के भीतर स्टोर को पूर्ण रूप से क्रियाशील किया जाए और ऐसी लापरवाहियों की पुनरावृत्ति न हो।
अस्पताल में कई स्थानों पर अक्रियाशील होने के नोट लगे मिलने पर भी उप मुख्यमंत्री ने सख्त निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जनपद के किसी भी स्वास्थ्य केंद्र में आवश्यक सेवाएं बाधित नहीं होनी चाहिए। इस दौरान जब उन्होंने रोगी कल्याण निधि में उपलब्ध धनराशि की जानकारी ली, तो सीएचसी अधीक्षक संतोषजनक उत्तर नहीं दे सके। इस पर उप मुख्यमंत्री ने कड़ी फटकार लगाई और कहा कि पर्याप्त धनराशि उपलब्ध होने के बावजूद रखरखाव में कमी गंभीर लापरवाही का संकेत है।
उन्होंने अस्पताल भवन में मरम्मत की आवश्यकता बताते हुए मुख्य चिकित्सा अधिकारी को तत्काल समुचित कार्रवाई के निर्देश दिए। शौचालयों में अव्यवस्था और खराब स्थिति पर भी उन्होंने नाराजगी जताई और साफ-सफाई के साथ नियमित निरीक्षण के आदेश दिए। पोषण कक्ष पर ताला लगा मिला, जिसे मौके पर खुलवाकर निरीक्षण किया गया।
सीएचसी परिसर में खुले पड़े पावरहाउस की अव्यवस्था देखकर उप मुख्यमंत्री ने चिकित्सा अधीक्षक को सुधार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बिजली जैसी आवश्यक सुविधा में किसी भी प्रकार की लापरवाही मरीजों की जान के लिए खतरा बन सकती है, इसलिए सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन किया जाए।
निरीक्षण के उपरांत उप मुख्यमंत्री ने भारत रेडक्रॉस सोसायटी, बागपत द्वारा आयोजित शिविर का भी अवलोकन किया। यहां उन्होंने क्षय रोगियों को पोषण किट एवं कंबल वितरित किए। इस अवसर पर उन्होंने सीएमओ को निर्देश दिए कि जनपद के सभी क्षय रोगियों को नियमित रूप से पोषण किट उपलब्ध कराई जाए ताकि उनके उपचार में कोई बाधा न आए। साथ ही रोगों के जनन की व्यापक स्तर पर मॉनिटरिंग एवं क्षय रोग पीड़ितों के मोहल्ले एवं गांव तक पहुंचाकर इंटीग्रेटेड मॉडल से क्षय रोग के विरुद्ध कार्य करने के निर्देश दिए।
अपने दौरे के दौरान उप मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को यह संदेश दिया कि सरकार की प्राथमिकता अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना है। स्वास्थ्य, शिक्षा और सामाजिक कल्याण से जुड़े कार्यों में संवेदनशीलता और जवाबदेही आवश्यक है। उन्होंने कहा कि सभी अधिकारी नियमित निरीक्षण कर व्यवस्थाओं को दुरुस्त रखे, ताकि आमजन को बेहतर सेवाएं मिल सकें।
इस अवसर पर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ तीरथ लाल, डिप्टी सीएमओ यशवीर सिंह, चिकित्सा अधीक्षक डॉ विभाष राजपूत सहित अन्य अधिकारीगण मौजूद रहे।

