
आरा/भोजपुर (डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा)05 अक्टूबर। शुक्रवार को एसीएमओ भोजपुर, डॉ के एन सिन्हा ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र आरा सदर एवं उदवंतनागर के अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कारीसाथ का औचक निरीक्षण किया। यह आवश्यक निरीक्षण बाढ़_ महामारी , कुष्ठ रोग खोजी अभियान, परिवार कल्याण पखवारा और फाइलेरिया हाइड्रोसील बीमारी के लिए किया गया। आरा ,प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में एक महिला चिकित्सक डा रश्मि कुमारी आयुष चिकित्सा पदाधिकारी कार्यरत थी। केंद्र पर प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी उपस्थित थे! अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र , कारीसाथ में एक आयुष चिकित्सक होम्योपैथिक डॉ रंजीत कुमार उपस्थित थे। दूसरे डॉ दिनकर नहीं थे ।एक एलोपैथिक डॉक्टर निशांत जो यहां के प्रभारी भी है, विनोद नगर जो प्रभारी भी है , इनकी प्रतिनियुक्ति उदवंतनगर कर दिया गया है । जिससे केंद्र का कई कार्य बाधित है ।ऐसा वहां के कर्मचारियों व जनता ने बताया। इस केंद्र की सुषमा जीएनएम को उपकेंद्र जैतपुर ,उदवंत नगर प्रतिनियुक्ति कर दिया गया है। एक लैब टेक्नीशियन मो. अशरफ का भी डेपुटेशन पीएचसी अगिआव है , जिससे केंद्र का कार्य बाधित है ।जनता और कर्मचारियों ने इसकी शिकायत की ।डॉ सिन्हा ने कहा कि इसे सुधार किया जाएगा। दोनों जगह डॉ सिन्हा ने सभी चल रहे स्वास्थ्य कार्यक्रमों में सुधार का निर्देश दिया। जिससे परिवार कल्याण, कुष्ठ खोजी अभियान, हाइड्रोसील की उपलब्धि में बढ़ोतरी हो। विदित हो कि 2025 तक स्वास्थ्य मंत्री के द्वारा बिहार राज्य से हाइड्रोसील बीमारी को समाप्त करने की घोषणा हुई है ।उसके तहत कार्य करना है। बाढ़ कम होने के बाद महामारी के खतरा को देखते हुए सतर्क रहने को कहा गया है ।और जल जमाव के जगह चुना और ब्लीचिंग पाउडर छिड़काव करने को कहा गया। हर तरह की बीमारी का समय से इलाज करने का निर्देश दिया गया। स्वास्थ्य कार्यक्रमों के प्रति सतर्क व प्रगतिशील रहने का निर्देश दिया गया।
