
RKTV NEWS/पटना(बिहार )01 अगस्त।बिहार राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा संचालित मुख्यमंत्री विद्यालय सुरक्षा कार्यक्रम के तहत अशोक राजपथ, पटना स्थित उर्दू अकादमी में आज शुक्रवार को मदरसा फोकल शिक्षकों के दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम के 60वें बैच का सफलतापूर्वक समापन हुआ।
इस बैच में सीतामढ़ी और मुज़फ्फरपुर जिलों के विभिन्न मदरसों से आए 60 फोकल शिक्षकों ने प्रतिभाग किया। समापन सत्र में प्राधिकरण के सचिव मो. वारिस खान ने सभी प्रतिभागियों को प्रशिक्षण प्रमाणपत्र प्रदान किए।
अपने प्रेरणादायी संबोधन में सचिव मो. वारिस खान ने कहा कि प्राधिकरण अल्पसंख्यक समुदाय, विशेषकर मदरसों में पढ़ने वाले बच्चों तक आपदा प्रबंधन की जानकारी पहुँचाने के लिए ईमानदारी और प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहा है। यह प्रशिक्षण न केवल शिक्षकों को आपदा प्रबंधन के क्षेत्र में सक्षम बनाता है, अपितु उनके माध्यम से समाज के भीतर मदरसों में पढ़ने वाले बच्चों को सुरक्षा दूत के रूप में सक्रिय रूप से तैयार करता है।
उन्होंने सभी फोकल शिक्षकों से आग्रह किया कि वे अपने-अपने संस्थानों में जाकर विद्यार्थियों को संभावित आपदाओं, जैसे बाढ़, भूकंप, अग्निकांड और डूबने की घटना से सुरक्षा हेतु व्यव
हारिक एवं जागरूकता आधारित शिक्षा प्रदान करें।
प्रशिक्षण के दौरान राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) द्वारा मॉक ड्रिल का भी आयोजन किया गया, जिसमें बाढ़, भूकंप और डूबने जैसी आपदाओं से निपटने के व्यावहारिक तरीकों का अभ्यास कराया गया। इस सत्र के माध्यम से प्रतिभागियों ने आपात स्थितियों में त्वरित और प्रभावी प्रतिक्रिया देने के कौशल सीखे।
इस अवसर पर अंजुमन-ए-तरक्की-ए-उर्दू के सचिव अब्दुल कय्यूम अंसारी एवं कार्यक्रम की नोडल अधिकारी सुम्बुल अफ़रोज़ विशेष रूप से उपस्थित रहीं।
प्राधिकरण का यह प्रशिक्षण कार्यक्रम न केवल आपदा के समय सुरक्षित रहने की समझ विकसित करता है, बल्कि सामाजिक भागीदारी और जागरूकता के माध्यम से पूरे समुदाय को सशक्त बनाता है।
