RKTV NEWS/अनिल सिंह,27 अप्रैल।विगत कई वर्षों से चले आ रहे अवैध बालू खनन व परिवहन के खिलाफ जिला प्रशासन ने इस बार कमर कस ली है।बताते चले की बालू माफियाओं द्वारा अवैध खनन एवं परिवहन होने से राजस्व की क्षति के साथ साथ आम जीवन पर भी इसका खासा असर पड़ा है कई बच्चों के डूबने की घटनाएं सामने आई जिसकी वजह ऐसे गैरकानूनी हरकतों को ही बताया जा रहा था कई अखबारों में तो इसको लेकर लगातार खबरें भी प्रसारित की गई थी।
इसका एक बड़ा दूसरा दुष्परिणाम यह भी है की आज की नई युवा पीढ़ी जो इस धंधे को धनकुबेर समझ रही है माफियाओं के बहकावे में एवं धन की लालच में आये दिन अपराधिक गतिविधियों को अंजाम देते रहे है और वर्चस्व में एक दूसरे का खून भी बहाया है।बीते दिनों बिहटा में छापेमारी में गई महिला अधिकारियों के साथ बदसलूकी और दुर्व्यवहार की घटना भी सर्वविदित है।इन सारी गैर कानूनी गतिविधियों के खिलाफ अब भोजपुर प्रशासन ने अपनी चुप्पी तोडी है।जिलाधिकारी भोजपुर ,राज कुमार द्वारा इसकी कमान संभाली गई है जिससे बालू माफियाओं में खलबली मची हुई है।इस मुहिम के तहत लगातार छापेमारी भी की जा रही है।जिलाधिकारी भोजपुर ने इस अभियान के तहत पुलिस अधिक्षक भोजपुर प्रमोद कुमार यादव के साथ की गई छापेमारी की तस्वीरें एवं वीडियो भी सोशल मीडिया पर साझा की है साथ ही अवैध खनन और परिवहन के खिलाफ इस अभियान का नामकरण भी कर दिया है मिशन प्रहार ।
अब जिलाधिकारी के इस नामकरण प्रहार शब्द से इस बात का अंदाजा लगाया जा सकता है की उनकी इस विषय के प्रति गंभीरता और कार्रवाई की रूप रेखा क्या होगी।जिलाधिकारी ने तस्वीरें और वीडियो साझा करते हुए विगत तीन दिनों में बालू के अवैध खनन और परिवहन के खिलाफ लगातार की जा रही कार्रवाई के अंतर्गत कई ट्रैक्टरों, ट्रकों सहित अन्य वाहनों की जब्ती से साथ ही आज तड़के सुबह लगभग 4 बजे भी सेमरा दियारा इलाके में छापेमारी कर 6 पोक्लेनो की जब्ती की बात और विगत तीन दिनों में लगभग 10 करोड़ जुर्माना लगाने की भी बात कही है।जिलाधिकारी के इस मिशन प्रहार से जिले वासियों में उत्साह के साथ साथ जिले की अन्य समस्याओं के सुधार के आस जगी है।

