
आरा/भोजपुर (डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा)08 अक्टूबर। सोमवार को शारदीय नवरात्र के पांचवे दिन स्कन्दमाता के आगमन के साथ ही स्थानीय ज्ञान ज्योति आवासीय विद्यालय बामपाली के विशाल प्रांगण में भव्य डांडिया नृत्य का आयोजन किया जिसमें विद्यालय के प्री नर्सरी से कक्षा आठ तक के सभी छात्र छात्राओं तथा सभी शिक्षक शिक्षिकाओं ने पारम्परिक परिधानों में सुसज्जित हो भाग लिया । कार्यक्रम की शुरुआत विद्यालय के निदेशक डॉ. आदित्य बिजय जैन तथा प्राचार्या डॉ. सीपी जैन द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर मंत्रोंच्चार के बीच माता विंध्यवासिनी की पूजा अर्चना से हुई।रामायण के संक्षिप्त चित्रण को नर्सरी से लेकर कक्षा तीन तक के छात्र छात्राओं द्वारा मंच से अद्भुत संगीतमय नाट्य प्रस्तुति कर दिखाया गया। कक्षा चार से कक्षा आठ तक के छात्र छत्राओं ने माता वैष्णव देवी – श्री राम के प्रसंग को इस कदर प्रस्तुत किया जैसे लगता हो कि वास्तव में प्रभु श्री राम और माता वैष्णव देवी के बीच वार्ता चल रही हो।प्री प्राईमरी और प्राईमरी के बच्चों की प्रस्तुति में प्रखर रूंगटा तथा आदित्य ने जहां प्रभु राम की भूमिका निभायी वहीं माता सीता की भूमिका में रहीं अदिति कुमारी। लक्ष्मण तथा हनुमान बने जयंत और दिव्याँशु तथा रावण की भूमिका मे रहे आर्णव शर्मा।माता वैष्णव देवी की भूमिका निभायी ख्वाइश ने और प्रभु राम की भूमिका में दिखे रजत शिखर।
गरबा- डांडिया ग्रुप में भाग लिया राजवीर, रिया,अक्षत, आकृति, आयुष राज, सौम्या, आदित्य पाठक, वैष्णवी, कनक, पल्लवी, खुशी, अनय, आदर्श, कुशाग्र ओझा, साक्षी,आर्शी, मोक्षिता, आदर्श, ऋषव, श्रेया,अनुराग, तथा अखिल ने।
नव दुर्गा प्रस्तुति हुई आरुषी, अमीशी, त्रिशू, सौम्या जलान, नियति, अदिति, सावी, दर्शिका, आयुष,सुधाकर, अंकुर, अंशुमान, अंश के द्वारा । प्राचार्या सीपी जैन ने बच्चों को आशीष देते हुए नवरात्रि के महत्व और डांडिया के महत्व को सभी बच्चों को बताया। इन्होंने बुराई पर अच्छाई की विजय के इस पर्व पर इस डांडिया नृत्य के महत्व को बताया तथा सभी बच्चों के लिए मंगल कामनाएं की। विद्यालय के निदेशक डॉक्टर आदित्य बिजय जैन ने भी विद्यालय की तरफ से सभी अभिभावकों एवं छात्र छात्राओं के साथ साथ विद्यालय परिवार के सभी सदस्यों को नवरात्री की शुभकामनाएं दीं। सांस्कृतिक कार्यक्रम की संयोजक जिनवानी जैन और नृत्य निर्देशक आशुतोष दीक्षित के अथक मेहनत ने बच्चों को इस तरह तैयार किया।
कार्यक्रम को सफल बनाने में वाइस प्रिंसिपल डॉक्टर सर्वेश कुमार, अरिहंत बिजय जैन, सिद्ध बिजय जैन, सुनील कुमार शर्मा, राकेश कुमार पाठक, अमित कुमार वर्मा , तबस्सुम बानो, फैज़ अकरम तथा इसके साथ सभी शिक्षक शिक्षिकाओं एवं शिक्षाकेत्तर सदस्यों का अहम योगदान रहा।
