सैन्य सुरक्षा और खाद्य सुरक्षा बाबूजी की प्राथमिकता रही:पूर्व लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार
आरा/भोजपुर (डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा)08 जुलाई। रविवार को जगजीवन कॉलेज आरा में कॉलेज के संस्थापक ,पूर्व उप प्रधानमंत्री और समता मूलक समाज के संस्थापक और महान स्वतंत्रता सेनानी बाबू जगजीवन राम की 38 वीं पुण्यतिथि प्राचार्या प्रो आभा सिंह की अध्यक्षता में आयोजित हुई। इस कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि बाबू जगजीवन नाम की पुत्री, पूर्व लोकसभा अध्यक्ष श्रीमती मीरा कुमार उपस्थित रही ।इनके साथ-साथ उनके पुत्र अंशुल अभिजीत सासाराम के सांसद मनोज कुमार,अधिवक्ता हाईकोर्ट शिवेंद्र भूषण ,प्रॉक्टर प्रो कुमार कौशलेंद्र पूर्व परीक्षा नियंत्रक प्रो शिव परसन सिंह सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।
मीरा कुमार के कॉलेज प्रांगण में पहुंचते ही प्राचार्य प्रो आभा सिंह ने बुके देखकर स्वागत किया। तत्पश्चात कॉलेज प्रांगण में स्थित बाबूजी की प्रतिमा पर जाकर माल्यार्पण किया गया। इनके साथ-साथ उपस्थित सभी गणमान्य अतिथियों ने भी माल्यार्पण किया, बाबूजी अमर रहे के जय घोष होते रहे। इसके बाद बाबूजी की याद में पौधारोपण भी किया गया। तत्पश्चात कॉलेज के गेस्ट हाउस में प्राचार्या के साथ बैठकर कॉलेज की व्यवस्था पर बातचीत हुई।
प्राचार्या ने कॉलेज की शैक्षणिक व्यवस्था,छात्र-छात्राओं की प्रगति, खेल कूद,एनएसएस और एनसीसी की उपलब्धियों की चर्चा की।प्राचार्या ने ग्यारह कठा जमीन को हाई कोर्ट के आदेश से कॉलेज के लिए अधिगृहित किया।
अपने पिता बाबू जगजीवन राम के स्मृतियों को स्मरण करते हुए मीरा कुमार ने बताया कि बाबूजी ने कॉलेज की स्थापना शिक्षा के महत्व को केंद्र बिंदु मानते हुए किया था। इसके लिए उन्होंने अपनी पूरी पैतृक संपत्ति कॉलेज के लिए दान कर दी थी।उनका मानना था कि बिना शिक्षा के समाज में बदलाव नहीं आ सकता है। उन्नति का सबसे उत्तम मार्ग है शिक्षा दान।र्श्रीमती कुमार ने कहा कि बाबूजी राष्ट्र सुरक्षा, खाद्य सुरक्षा और हरित क्रांति के प्रवल पोषक रहे और इन तमाम रक्षा,कृषि मंत्रालयों में रहकर न केवल देश को बल्कि दुनिया को भी अपने अव्वल प्रतिभा और नीति को साबित करके दिखा दिया। बाबूजी जिन जिन मंत्रालयों में काम किया सभी स्वर्णाक्षरों में अंकित है और रहेगा। बाबूजी आजीवन दिन दुखिया, गरीबों और समरस समाज की स्थापना में जीवनपर्यंत प्रयत्नशील रहे। यही कारण है कि लोग इन्हें श्रद्धा से बाबूजी कहते थे।एक प्रश्न के जवाब में इन्होंने कहा कि जब भी कॉलेज मुझे याद करेगा, कार्यक्रम का आयोजन करेगा,मैं निश्चित रूप से आऊंगी जो सहयोग करने के लिए तैयार हूं। उनके पुत्र अंशुल अभिजीत ने भी सभी गतिविधियों और सहयोग के लिए हाजिर रहने की बात बताई।
सासाराम के सांसद मनोज कुमार ने भी एक प्रश्न के जवाब में कहा कि हम सभी बाबूजी के अनुयाई हैं जो भी जरूरत है कॉलेज मुझे अवगत कराये, हर तरह से सहयोग का वादा करता हूं।विश्वविद्यालय के प्रोक्टर प्रो कुमार कौशलेंद्र से बाबू जगजीवन राम चेयर की बात पूछी गई तो इन्होंने कहा कि मंत्रालय में फाइल लंबित है, प्रयास की जरूरत है।अंत में कॉलेज की प्राचार्या की ओर से उपस्थित तमाम सदस्यों का आभार व्यक्त करते हुए अल्पाहार वितरित किया गया। प्रमुख उपस्थिति में डॉक्टर अमरेश कुमार, डॉ गोपाल प्रसाद, डा नवारूण घोष,डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा,संजय कुमार सिंह ,अनिल सिंह,संजय राय, जयवीर कुमार, दयानंद पासवान सोनू कुमार ,सतीश, रमेश, मीरा, सुजाती, तथा एनसीसी के कैडेट केडेट्स उपस्थित रहे।


