सुपौल/बिहार 30 जनवरी।आज कौशल कुमार जिलाधिकारी, सुपौल की अध्यक्षता में समाहरणालय, सुपौल स्थित लहटन चौधरी सभागार भवन में महिला एंव बाल विकास निगम, सुपौल के द्वारा बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना अंतर्गत आयोजित प्रोटेक्शन ऑफ चाइल्ड एक्ट, पोक्सो एक्ट से संबंधित प्रशिक्षण-सह-एक दिवसीय कार्यशाला का दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम में जिला प्रोग्राम पदाधिकारी, आई0सी0डी0एस0, सुपौल द्वारा हरा पौधा देकर जिलाधिकारी महोदय का स्वागत किया गया। बाल विकास परियोजना पदाधिकारी, छातापुर के द्वारा उप विकास आयुक्त, सुपौल महोदय का हरा पौधा देकर स्वागत किया गया। कुमारी प्रतिभा, केन्द्र प्रशासक, महिला हेल्प लाईन, सुपौल के द्वारा सहायक निदेशक, बाल संरक्षण इकाई, सुपौल का हरा पौधा देकर स्वागत किया गया। हरिनारायण कुमार, जिला मिशन समन्वयक, मिशन शक्ति, आई0सी0डी0एस0, सुपौल के द्वारा जिला प्रोग्राम पदाधिकारी, आई0सी0डी0एस0, सुपौल का हरा पौधा देकर स्वागत किया गया। जिलाधिकारी के द्वारा कार्यक्रम में उपस्थित सभी प्रतिभागियों को निदेश दिया गया कि आज के इस प्रशिक्षण को सभी लोग प्रशिक्षण लेकर ग्रामीण स्तर तक के लोगों को बतायेंगे ताकि उक्त एक्ट से संबंधित जानकारी आमजन को हो सके। उक्त कार्यक्रम में उप विकास आयुक्त महोदय द्वारा बताया गया कि अपने-अपने घर एंव आस-पास गाँव में इसकी जानकारी देकर लोगों को जागरुक करे, ताकि लैंगिक अपराध हो ही नहीं, हो भी तो पहचान किया जा सके एंव दोषी को दंड दिलाया जाय। शोभा सिन्हा, जिला प्रोग्राम पदाधिकारी, सुपौल के द्वारा कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बताया गया कि हम सब आज के इस प्रशिक्षण से सीख लेने की जरूरत है, ताकि परियोजना स्तर पर सभी सेविका एंव स्कूल के छात्रा को भी इस एक्ट के बारे में जागरुक किया जा सके। आज का प्रशिक्षण में लैंगिक अपराधों से बालकों के संरक्षण अधिनियम (2012) पोक्सो एक्ट के सम्पूर्ण जानकारी के लिए आयोजित किया गया। उपस्थित प्रशिक्षक प्रमोद रंजन एंव अनिता कुमारी के द्वारा उक्त एक्ट से संबंधित जानकारी दिया गया की लैंगिक अपराधों से बालकों को कैसे बचाया जा सके तथा पहचान किया जा सके की बच्चे लैंगिक अपराधों से पीड़ित हैं।
अंत में जिला प्रोग्राम पदाधिकारी के द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ कार्यक्रम की समाप्ति की घोषणा की गयी। इस अवसर पर प्रतिभागी के रूप में सभी बाल विकास परियोजना पदाधिकारी, सभी प्रखंड से चार-चार शिक्षक, सभी महिला पर्यवेक्षिका, मनु कुमारी, पिरामल फोन्डेशन, पिंकी कुमारी, जिला समन्वयक, कविता कुमारी, डाटा आपरेटर, युनीसेफ के प्रतिनिधि, सलोनी कुमारी, केस वर्कर, आरती कुमारी केस वर्कर एवं अन्य उपस्थित थे ।

