जिले में गृह रक्षा वाहिनी की नियुक्ति के सैकड़ों पदों के खाली होने के बाद भी सफल अभ्यर्थियों की नियुक्ति न कर दूसरे जिलों से विधि व्यवस्था के लिए इनकी पूर्ति करना जिला प्रशासन के सौतेले व्यवहार का है प्रमाण:रघुपति
आरा/भोजपुर 01 नवंबर। विगत महीने से आमरण अनशन पर बैठे विज्ञापन संख्या 02/2011 के शारीरिक मापदंड पूर्ण कर चुके गृह रक्षा वाहिनी के अभ्यर्थियों के बीच आज उनका समर्थन करने पहुंचे बड़हरा विधान सभा के पूर्व विधान सभा प्रत्यासी सह जन अधिकार पार्टी के सांस्कृतिक प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष रघुपति यादव ने आमरण अनशन पर बैठे अभ्यर्थियों की मांगों को जायज बताते हुए उक्त अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र नही दिए जाने की कड़े शब्दों में निंदा की है। रघुपति यादव ने कहा की पुलिस प्रशासन के सहयोग में अहम भूमिका अदा करने वाली गृह रक्षा वाहिनी की नियुक्तियों में ऐसी अनदेखी करना सरकार और जिला प्रशासन दोनों के लिए शर्मनाक है।उन्होंने कहा की शारीरिक दक्षता पास कर चुके विभिन्न प्रखंडों के लगभग 350 गृह रक्षा वाहिनी के अभ्यर्थियों की नियुक्ति नही करना जो वर्षों से नियुक्ति की आस में बैठे है लेकिन नियुक्ति नही होने के कारण इनकी उम्र भी बीतती चली गई और आज आलम यह है की इन्हे अपने परिवारों के पोषण करने के लिए अपने हक की नियुक्ति की लड़ाई के लिए खुद अनशन करना पड़ रहा है।
उन्होंने कहा की रोजगार की गारंटी देने वाली बिहार सरकार के मुंह पर यह एक करारा तमाचा है जो नई नियुक्ति को तो छोड़िए सफल अभियार्थियों को भी रोजगार नही दे पा रही जिसका परिणाम इस कदर सड़क पर लाकर उनसे आमरण अनशन करवाना यह किस सुशासन की परिभाषा है।राज्य और स्थानीय शासन इनपर यातनाएं कर रही है।
रघुपति यादव ने अभियार्थियों द्वारा मधेपुरा जिले में सभी सफल गृह रक्षा वाहिनी के अभ्यार्थियों की नियुक्ति की बात बताए जाने पर उन्होंने जिला प्रशासन को आड़े हाथों लेते हुए कहा की कैसी दोहरी नीति है कौन है इसका जिम्मेवार?? जिला प्रशासन या राज्य प्रशासन ? रघुपति यादव ने कड़े शब्दों में गृह रक्षा वाहिनी की जिले में आवश्यकताओं की पूर्ति हेतु दूसरे जिले से गृह रक्षा वाहिनी को ला इसकी पूर्ति करने पर भी आश्चर्य जाहिर करते हुए कहा की यह कैसी पुलिसिया व्यवस्था है की जिस जिले में लगभग 800 से 900 गृह रक्षा वाहिनियों के पद खाली है और 350 सफल अभियार्थी नियुक्ति की बाट भी जोह रहे हैं यह जिले की पुलिसिया व्यवस्था पर सवाल खड़ा करता है। रघुपति यादव ने इन अभ्यर्थियों को न्याय दिलाने के लिए हर संभव मदद का आश्वासन दिया।
इस अवसर पर रघुपति यादव के साथ उनके सहयोगियों में मुख्य रूप से मनोज पाण्डेय, नितिन पांडेय, संतोष कुमार, मधुबन यादव,सनी कुमार, तारकेश्वर पासवान मौजूद रहे।


जिले में गृह रक्षा वाहिनी की नियुक्ति के सैकड़ों पदों के खाली होने के बाद भी सफल अभ्यर्थियों की नियुक्ति न कर दूसरे जिलों से विधि व्यवस्था के लिए इनकी पूर्ति करना जिला प्रशासन के सौतेले व्यवहार का है प्रमाण:रघुपति