हनुमानगढ़/राजस्थान 31 अगस्त। राज्य सरकार प्रदेश के विकास एवं प्रदेशवासियों की खुशहाली एवं प्रदेश के नागरिकों को सामाजिक सुरक्षा प्रदान करने के लिए संकल्पबद्ध है। राजस्थान मिशन के तहत वर्ष 2030 तक राज्य को देश का अग्रणी राज्य बनाने हेतु हर क्षेत्र के लिए मानकों का निर्धारण एवं मानकों को प्राप्त करने के लिए समयबद्ध कार्य योजना तैयार किए जाने का राज्य सरकार ने निर्णय लिया है। इसी सिलसिले में गुरुवार को ग्रामीण और पंचायतीराज विभाग, शिक्षा विभाग, जल संसाधन, डीओआईटी, पीएचईडी और सहकारिता विभाग द्वारा परामर्श शिविरों का आयोजन किया गया।
सीईओ सुनीता चौधरी ने बताया कि राजस्थान मिशन 2030 अभियान अन्तर्गत पंचायती राज विभाग के जनप्रतिनिधिगण तथा कार्मिको की सहभागिता एवं सक्रिय सहयोग हेतु 31 अगस्त को जिला परिषद सभागार में पंचायती राज विभाग के विभाग स्तरीय गहन परामर्श सत्र/शिविर का आयोजन किया गया।
इस पंचायती राज विभाग स्तरीय गहन परामर्श शिविर मे नोहर प्रधान सोहन ढील, पूर्व प्रधान दयाराम जाखड़, सीईओ सुनीता चौधरी, उप जिला प्रमुख मुकेश सहारण, एसीईओ सुनिल कुमार छाबड़ा, सीपीओ डॉ. ममता बिश्नोई, जिला परिषद् सदस्य प्रवीणा मेघवाल, मंगेज चौधरी, जिला परिषद सदस्य, सभी विकास अधिकारी, प्रति पंचायत समिति दो सरपंच, सभी पंचायत समिति से दो-दो सदस्य, सभी पंचायत समिति से दो-दो ग्राम विकास अधिकारी, प्रति पंचायत समिति तीन वार्ड पंच, पीएमएवाईजी, मनरेगा, एसबीएम के प्रति पंचायत समिति तीन व्यक्तिगत लाभार्थी के अतिरिक्त इच्छुक, जागरूक, अच्छे वक्ता एवं विभागीय जानकारी रखने वाले प्रतिभागियों ने कार्यशाला में हिस्सा लिया । परामर्श शिविर में आए हुए जनप्रतिनिधियों और कर्मचारियों ने विभिन्न सुझाव दिए तथा पंचायतीराज संस्थाओं को और अधिक मजबूत बनाने पर बल दिया ।
