बड़हरा/भोजपुर 23 जुलाई।सजग रचनाकार संघ के बैनर तले महान जनवादी, वैज्ञानिक सोच रखने वाले, तीन भाषाओं के साहित्यकार व लेखक ,और जानेमन कवि “घमंडी राम” लेखक जिनकी हिन्दी मगही और भोजपुरी कृति से पूरा साहित्य जगत परचित है की मृत्यु हृदयाघात से 20 जुलाई को हो गई।जिनकी श्रद्धांजलि व शोकसभा का आज 23 जुलाई को बड़हरा प्रखंड के गांव सूरज नगर में स्मार्ट कोचिंग क्लास में आयोजन की गई, जिसकी अध्यक्षता महेन्द्र प्रताप शर्मा, मंच संचालन, महान मानववादी सी.पी. चक्रवर्ती संस्था के सचिव अर्जुन कुमार ठाकुर,नेअपने संबोधन में कहा कि स्व घमंडी राम जनवादी लेखक संघ के अध्यक्ष पद के साथ साथ कई साहित्यिक संस्थाओं में उतकृष्ट पदको सुशोभित किये थे।
सरस बिहार भोजपुर के साहित्यिक पत्रिका सांस्कृतिक लोकस्वर के संरक्षक के पद पर आसीन थे।गोपगुट कर्मचारी संगठन के जिला सचिव व सांस्कृतिक लोकस्वर पत्रिका के कार्यकारी उपाध्यक्ष उमेश कुमार सुमन ने अपनी बात रखी।, उपस्थितों में मानवाधिकार कार्यकर्ता मंजू कुमारी ,शिक्षक मुकुल कुमार शर्मा जी ,सुरेन्द्र शर्मा विशाल, विनोद कुमार सिंह, वंशरोपन साव, शिवकुमार लालाजी, विजय कुमार साह , पवन कुमार, राम अनिल कुमार शर्मा, सहाबादीजी लालबाबू साह, सहित अनेक गणमान्य बुद्धिजीवी उपस्थित थे।
