लैंगिक समानता के लिए महिलाओं को सर्वोच्च प्राथमिकता दें :मुख्य अतिथि ,अनुप्रिया
आरा/भोजपुर(डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा)06 दिसंबर।राष्ट्रीय सेवा योजना महाराजा कॉलेज आरा द्वारा नई चेतना – लैंगिक आधारित हिंसा के विरुद्ध राष्ट्रीय अभियान के अंतर्गत एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन महाविद्यालय परिसर में किया गया। कार्यक्रम का सफल मंच-संचालन एन.एस.एस. स्वयंसेवक अमित कुमार द्वारा किया गया।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि एवं वक्ता कला, संस्कृति एवं युवा विभाग की पदाधिकारी अनुप्रिया थीं। अपने सारगर्भित संबोधन में उन्होंने कहा कि “समाज में वास्तविक लैंगिक समानता तभी स्थापित हो सकती है, जब हम घर–परिवार से लेकर शैक्षणिक एवं सरकारी संस्थानों तक लड़कियों और महिलाओं की सुरक्षा, गरिमा और सम्मान को सर्वोच्च प्राथमिकता दें।”
महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो कनक लता कुमारी ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि “देश का भविष्य हमारी युवा शक्ति पर निर्भर है। युवा जिस दिशा में समाज को ले जाना चाहेंगे, समाज वैसा ही बनेगा। अतः उन्हें लैंगिक भेदभाव से ऊपर उठकर एक सुंदर, सुरक्षित और समानतामूलक समाज निर्माण के लिए आगे आना चाहिए। बिहार के मुख्यमंत्री भी महिलाओं के सम्मान और उन्नति के लिए प्रतिबद्ध हैं। नारी सृष्टि की सर्वोत्तम रचना है—इसी से धरती पर सजीवता, सृजनशीलता और चैतन्य का प्रवाह है। यदि नारी नहीं तो सृष्टि नहीं। वेदों में इसे ब्रह्मा और सरस्वती की संज्ञा दी गई है। देव से लेकर दानव तक सभी उनके गर्भ से जन्म लेकर स्वयं को कृतार्थ मानते हैं।”
प्रोफ़ेसर पूनम कुमारी ने अपने वक्तव्य में कहा कि “महिलाओं के प्रति होने वाली किसी भी प्रकार की हिंसा के विरुद्ध युवा पीढ़ी को सजग, संवेदनशील और मुखर होकर आगे आना चाहिए।”
एन.एस.एस. कार्यक्रम पदाधिकारी डॉ अंकिता ओझा ने कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए कहा कि “एन.एस.एस. का मुख्य उद्देश्य युवाओं में नेतृत्व क्षमता, सेवा-भाव और सामाजिक दायित्व का विकास करना है। यह राष्ट्रीय अभियान नई सोच, नई दिशा और नई ऊर्जा का प्रतीक है।”
डॉ. विकास चंद्रा ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि “समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने की सबसे बड़ी शक्ति हमारे युवा हैं। इसलिए उन्हें ऐसे जागरूकता अभियानों में सक्रिय भागीदारी निभानी चाहिए।”
कार्यक्रम में महाविद्यालय के विभिन्न विभागों के शिक्षक-शिक्षिकाओं तथा बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थिति रही।

