RKTV NEWS/अनिल सिंह,21 अप्रैल। प्रसारित ख़बरों के मुताबिक दिल्ली सरकार ने दिल्ली के उन निजी विद्यालयों के खिलाफ नोटिस जारी किया है जो अभिवावकों से किसी खास वेंडरों से महंगी दरों पर किताबे और यूनिफॉर्म खरीदने को मजबूर कर रहे थे।इस बाबत मिली शिकायतों के मद्देनजर दिल्ली सरकार के शिक्षा निदेशालय ने दिल्ली के 12 निजी विद्यालयों को कारण बताओ नोटिस जारी किया वही 6 विद्यालयों की जांच भी की है ये सभी वैसे विद्यालय है जो अभिवावकों को किसी खास वेंडर के यहां से महंगी दरों पर किताबें और यूनिफॉर्म खरीदने को मजबूर कर रहे थे ।आम तौर पर अभिवावक विद्यालयों जिनमे उनके बच्चों को पढ़ाना होता है की शिकायत करने से बचते है लेकिन जब शोषण बढ़ जाता है तो वो ऐसे कदम उठाने को मजबूर हो जाते है। इस संबंध में दिल्ली के शिक्षा मंत्री आतिशी मार्लेना सिंह का कहना है की जो भी निजी विद्यालय दिल्ली सरकार द्वारा निजी विद्यालयों हेतु जारी दिशा निर्देशों का उल्लंघन करेगा उसके खिलाफ दिल्ली स्कूल एजुकेशन एक्ट 1973 के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जायेगी।दिशा निर्देशों के मुताबिक किताबों और यूनिफॉर्म को लेकर कोई भी विद्यालय अभिवावकों को मजबूर नही कर सकता की वो किसी खास वेंडरों से किताबें और यूनिफॉम खरीदे और हर निजी विद्यालयों को अपनी वेबसाइट पर कक्षाओ अनुसार सारी किताबों की लिस्ट और सारे अध्यन सामग्री की जानकारी को प्रदर्शित करना होगा और कुछ खास एवं मुख्य जगहों पर भी जानकारी प्रदर्शित करनी होगी ताकि अभिवावक वहा से जानकारी लेकर अपनी मर्जी मुताबिक जहां से चाहे वहां से किताबें खरीद सकें साथ ही यह भी कहा गया है की वेबसाइट पर कम से कम 5 विद्यालय के आस पास के वेंडरों के पते और फोन नंबर जहां से किताबे और यूनिफॉर्म मिल सकती है की जानकारी प्रदर्शित करनी होगी और अभिवावकों को पूर्ण आजादी होगी वो इनमे से किसी से भी उक्त सामग्रियों की खरीदारी कर सके। आगे देखना है की मिली शिकायतों पर दिल्ली सरकार द्वारा की जा रही कार्रवाई के पश्चात ऐसे मामलों में कमी आती है की नही?


