
आरा/भोजपुर (डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा)07 सितंबर।साहित्यकार जगत नंदन सहाय के संकटमोचन नगर आवास पर शिक्षक दिवस के अवसर पर विद्वान दर्शनशास्त्री राष्ट्रपति सर्वपल्ली राधाकृष्णन की जयंती डॉ सत्यनारायण उपाध्याय की अध्यक्षता में अखिल भारतीय विद्वत परिषद के तत्वावधान में आयोजित हुई।आज का समाज और आज की शिक्षा प्रणाली पर विषय प्रवेश कराते हुए प्रो नंदजी दुबे ने कहा कि आज की शिक्षा प्रणाली अपनी बुनियादी जरूरतों से पूरी तरह से कट गई है ।जगत नंदन सहाय ने कहा कि राधाकृष्णन जी अंतर्राष्ट्रीय स्तर के एक प्रख्यात शिक्षा शास्त्री एवम् महान दार्शनिक थे साहित्यकार डॉ जनार्दन मिश्र ने कहा की आज की शिक्षा प्रणाली पूर्णतः बाजारीकरण से प्रभावित है । आचार्य वेद निधि शर्मा ने गुरु और शिष्य परंपरा का विषद उल्लेख करते हुए कहा कि आज गुरु घराने लुप्त हो रहे हैं। विशिष्ट अतिथि प्रो महेश सिंह ने कहा कि शिक्षक भविष्य द्रष्ठा होता हैं उसका अनुसरण सर्वोपरि विधान है। ।धन्यवाद ज्ञापन कवयित्री गायत्री सहाय ने अपनी कविता __ हमरो गांव बहूते ही पियारा ह ___ के माध्यम से किया ।
