RKTV NEWS/बक्सर ( बिहार)19 जून। आज अंशुल अग्रवाल, जिला पदाधिकारी बक्सर की अध्यक्षता में जिला कृषि टॉस्क फोर्स की बैठक एवं कृषि एवं अन्य संबंधित विभागों के साथ अंतरविभागीय समन्वय से योजनाओं के कार्यान्वयन की समीक्षा बैठक समाहरणालय परिसर अवस्थित कार्यालय कक्ष में की गई।
जिला कृषि पदाधिकारी द्वारा बताया गया कि विभाग से प्राप्त अक्षांश/देशांतर के आधार पर पराली जलाने के संबंध में अप्रैल 2024 में 77, मई 2024 में 528 एवं जून 2024 में 113 किसानो का आई0डी0 ब्लॉक किया गया है। इसी प्रकार मैनुअल जाँचोपरांत अप्रैल 2024 में 30, मई 2024 में 147 एवं जून 2024 में 52 किसानों का आई0डी0 ब्लॉक किया गया है।
अप्रैल एवं मई माह में बडे़ पैमाने पर खेतों में पराली जलाने के मामलें प्रकाश में आये है। इस क्रम में पर्याप्त पर्यवेक्षण नहीं करने के लिए जिला कृषि पदाधिकारी बक्सर एवं अनुमंडल कृषि पदाधिकारी बक्सर से कारण पृच्छा करने का निर्देश दिया गया।
छापेमारी के क्रम में पाई गई अनियमितता के आलोक में उर्वरक विक्रेताओं पर कृषि विभाग के द्वारा किए गए कारण पृच्छा के उपरांत दोषी उर्वरक विक्रेताओं के विरुद्ध विधि सम्मत कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया।
जिला पदाधिकारी द्वारा बीज वितरण एवं यूरिया वितरण में कहीं से कोई शिकायत नहीं प्राप्त होने का सख्त निर्देश दिया गया।
अगर कहीं से भी कोई शिकायत प्राप्त होती है तो संबंधित पदाधिकारी/कर्मी के प्रति कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जायेगी।
जिला पदाधिकारी द्वारा इटाढी एवं राजपुर प्रखंड में प्राप्त पराली संबंधी प्रतिवेदन के आकडे़ में भिन्नता पाये जाने पर जाँच दल गठित करते हुए जाँच कराने का निर्देश दिया गया।
जल संसाधन विभाग के अभियंताओं को निर्देश दिया गया कि विभाग से समन्वय स्थापित कर पर्याप्त मात्रा में नहरों हेतु जल प्राप्त करेंगे। ताकि जिलें के अंतिम छोर तक सिंचाई हेतु जलापूर्ति किसानों को किया जा सकें।
निकृष पंप योजना के कार्यों की प्रगति के समीक्षा के क्रम में कार्यपालक अभियंता, यांत्रिक अनुपस्थित पाये गये। जिला पदाधिकारी द्वारा उनसे कारण पृच्छा करने का निर्देश दिया गया।
कार्यपालक अभियंता लघु सिंचाई प्रमंडल बक्सर को बंद पडे़ हुए नलकूपों को समन्वय स्थापित कर मरम्मती कराते हुए यथाशीघ्र चालू कराने का निर्देश दिया गया।
जिलें के महत्वपूर्ण बैठक में अनुपस्थित रहने के कारण कार्यपालक अभियंता, सोन नहर प्रमंडल बक्सर का वेतन स्थगित करते हुए स्पष्टीकरण करने का निर्देश दिया गया।
