पटना/बिहार (राकेश मंगल सिन्हा) 5 फरवरी। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 1, अणे मार्ग स्थित “संकल्प” में बिहार लघु उद्यमी योजना का शुभारंभ किया तथा बिहार लघु उद्योग योजना के पोर्टल का भी लोकार्पण किया। मुख्यमंत्री ने बिहार लघु उद्यमी योजना पर आधारित एक पुस्तिका का भी विमोचन किया।
इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बिहार लघु उद्यमी योजना की शुरुआत करने के लिए धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि हम लोगों ने जाति आधारित गणना करवाया ताकि जाति के साथ-साथ हर किसी की आर्थिक स्थिति का भी पता चल सके। सर्वेक्षण के दौरान पता चला कि 94 लाख से अधिक गरीब परिवार हैं जिनको आर्थिक मदद की जरूरत है। हम लोग ऐसे सभी परिवार के लाभुकों को दो-दो लाख रुपया सहायता राशि देंगे ताकि वे लघु उद्यमी योजना के अंतर्गत अपना व्यवसाय शुरू कर सकें। इसकी ट्रेनिंग भी अलग से दी जायेगी। आर्थिक रूप से गरीब परिवारों को स्वरोजगार हेतू आर्थिक सहायता प्रदान करने के लिए “बिहार लघु उद्यमी योजना” लागू की गई है। योजना के अंतर्गत राज्य के आर्थिक रूप से गरीब सभी परिवारों को लाभान्वित किये जाने का लक्ष्य है।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि सभी जिलाधिकारी इस कार्यक्रम से जुड़े हुए हैं। इस योजना के अलावे अगर कोई अपना रोजगार करना चाहता है तो उनकी भी पूरी मदद करने का निर्देश उन्होंने दिया। उन्होंने हर जाति और धर्म के लोगों के बीच इस योजना को प्रचारित प्रसारित करने को कहा ताकि अधिक से अधिक लोग इस योजना का लाभ उठा सकें। इस योजना के क्रियान्वयन में जितना पैसा लगेगा सरकार खर्च करेगी। हम लोग अगले 5 वर्ष के लिए पहला टर्म शुरू कर रहे हैं। इस योजना के बेहतर ढंग से कार्यान्वयन से लोग लाभान्वित होंगे तथा उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार हो सकेगा।
कार्यक्रम में उद्योग विभाग के अपर मुख्य सचिव संदीप पौंड्रिक ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को पुष्प गुच्छ एवं प्रतीक चिन्ह देकर स्वागत किया।
बिहार लघु उद्यमी योजना की शुरुआत “हर घर उद्यमी, हर घर रोजगार,ऊँची उड़ान के लिए बिहार है तैयार” थीम के साथ की गई। आर्थिक रूप से गरीब परिवारों को स्वरोजगार हेतु आर्थिक सहायता प्रदान करने एवं राज्य में बेरोजगारी दर में कमी लाये जाने के उद्देश्य से बिहार लघु उद्यमी योजना लागू की गई है।
जाति आधारित गणना के दौरान 94 लाख से अधिक गरीब परिवार पाये गए। बिहार लघु उद्यमी योजना के तहत ऐसे गरीब परिवार के लाभुकों को दो-दो लाख रुपये की राशि दी जायेगी। इसके लिए 61 परियोजनाओं को चिन्हित किया गया है जिसमें छोटे-छोटे उद्यम को शामिल किया गया है। इस योजना के आवेदन के लिए पोर्टल का लोकार्पण किया गया है। पोर्टल आवेदकों के लिए खोल दिया गया है। 20 फरवरी तक इस योजना के लिए आवेदन किये जायेंगे। आवेदक की उम्र 18 से 50 वर्ष के बीच होनी चाहिए। आवेदक की पारिवारिक आय प्रति माह 6000 रूपया से कम होनी चाहिए। बिहार लघु उद्यमी योजना के तहत लाभुकों को तीन किस्तों में राशि दी जायेगी। प्रथम किस्त में परियोजना लागत की 25%, द्वितीय किस्त में परियोजना लागत की 50% एवं तृतीय किस्त में परियोजना लागत की 25% राशि लाभुकों को दी जायेगी। योजना के कार्यान्वयन एवं अनुश्रवण हेतू राज्य अनुश्रवण समिति के गठन का प्रावधान है जबकि जिला स्तर पर योजना के अनुश्रवण हेतू जिला अनुश्रवण समिति का गठन किया जायेगा।
कार्यक्रम मे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उप मुख्यमंत्री सह उद्योग मंत्री सम्राट चौधरी जुड़े हुए थे। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार एवं डॉ एस सिद्धार्थ, मुख्य सचिव आमिर सुबहानी, विकास आयुक्त विवेक कुमार सिंह, उद्योग विभाग के अपर मुख्य सचिव संदीप पौन्ड्रिक, मुख्यमंत्री के सचिव अनुपम कुमार, मुख्यमंत्री सचिवालय के विशेष सचिव डॉ चंद्रशेखर सिंह, उद्योग विभाग के निदेशक पंकज दीक्षित, हस्तकरघा, रेशम उत्पादन और हस्तशिल्प उद्योग के निदेशक विवेक रंजन मैत्रेय, निदेशक तकनीकी विकास विशाल राज सहित अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के जिलाधिकारी जुड़े हुए थे।

