आरा/भोजपुर (डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा) 28 सितंबर।अमर शहीद कवि कैलाशपति सिंह की प्रतिमा का अनावरण शाहाबाद रेंज के डीआईजी नवीन चंद्र झा के द्वारा किया गया। यह आयोजन उनके पैतृक गांव घोड़ादेई में किया गया ।इस अवसर पर मुख्य अतिथि डीआईजी नवीन चंद्र झा, भोजपुर के पुलिस अधीक्षक प्रमोद कुमार यादव,अमर शहीद कवि कैलाश स्मृति संस्थान के मुख्य संरक्षक बी डी सिंह, अध्यक्ष भाई बरमेश्वर, पूर्व मुखिया संतोष कुमार , प्रपौत्र ललन सिंह ,मृत्युंजय भारद्वाज डॉक्टर दिनेश प्रसाद सिंहा की विशेष भूमिका रही। मंच का संचालन पत्रकार डॉ भीम सिंह भवेश ने किया जबकि धन्यवाद ज्ञापन मुख्य संरक्षक बी डी सिंह ने किया। कार्यक्रम का संचालन करते हुए पत्रकार भीम सिंह ने कवि के ऐतिहासिक जीवन वृत्त पर भी विस्तार से प्रकाश डाला। कार्यक्रम की शुरुआत सामूहिक दीप प्रज्वलन से किया गया उसके बाद अतिथियों को बुके साल देकर सम्मानित किया गया। प्रतिमा का अनावरण करते हुए मुख्य अतिथि डीआईजी ने कहा कि कवि जी 8 साल तक फौज में नौकरी किये लेकिन वहां भी अन्य का विरोध करते हुए नौकरी छोड़ दी और यहां आकर पर्यावरण और समाज सेवा से जुड़कर अपनी पहचान बनाई। गांधी जी के अनुयाई बनकर स्वतंत्रता आंदोलन में लग गए।गांव गांव घूम कर अंग्रेजों के विरुद्ध अभियान चलाया। गांधी जी के करो या मरो आंदोलन में आरा कलेक्ट्रेट पर तिरंगा फहराते हुए अपनी शहादत दी। श्री झा ने कहा की शहीद कभी मरते नहीं। उनके विचार और आदर्श सर्वथा प्रासंगिक रहते है जरूरत है उनके विचारों को आत्मसात करने की। अध्यक्ष उद्बोधन में भाई ब्रह्मेश्वर ने उपस्थित लोगों का धन्यवाद और हार्दिक अभिनंदन करते हुए बताया कि हम लोगों ने 2014 में आदम कद मूर्ति लगाने का संकल्प लिया था जिसे प्रपौत्र ललन जी और संतोष मुखिया के सौजन्य से आज यह संकल्प पूरा हुआ है।
पुलिस अधीक्षक ने भी आज के महत्वपूर्ण अवसर पर कवि कैलाशपति सिंह को नमन करते हुए कहा की ऐसे ही महत्वपूर्ण व्यक्तियों से आने वाली पीढ़ियों को प्रेरणा मिलती है और इन्हे सदा सम्मान मिलना चाहिए।
मुख्य संरक्षक सम्मानित बी सिंह ने उपस्थित अतिथियों सबका स्वागत और धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि सभी सम्मानित लोग मेरे निवेदन पर आए हैं। यह कवि जी के प्रति आदर्श ,राष्ट्र के प्रति समर्पण की भावना प्रदर्शित करती है। इस अवसर पर यादगार स्वरूप कई पौधा रोपण भी मुख्य अतिथियों द्वारा किया गया साथ ही कवि कैलाश पर आधारित संजीवियर के सनोज कुमार द्वारा मार्मिक नाटक प्रस्तुत किया गया इस मौके पर शहर से लेकर गांव तक के सैकड़ो लोग उपस्थित रहे।
