
आरा/ भोजपुर ( डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा)04 अप्रैल।आज जिला पदाधिकारी, भोजपुर तनय सुल्तानिया की अध्यक्षता में समाहरणालय के वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कक्ष में “प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ़्त बिजली योजना” के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक के दौरान जिला पदाधिकारी ने योजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए सभी संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि जिले के सभी पात्र लाभार्थियों तक इस योजना का लाभ पहुँचाया जाए। उन्होंने विशेष रूप से निर्देशित किया कि सभी BPL परिवारों के घरों में प्राथमिकता के आधार पर निःशुल्क रूफटॉप सोलर पैनल स्थापित किए जाएँ, ताकि उन्हें सस्ती एवं स्वच्छ ऊर्जा उपलब्ध हो सके।
जिला पदाधिकारी ने यह भी कहा कि ऐसे उपभोक्ता, जिनका मासिक बिजली उपभोग 125 यूनिट से अधिक है, उन्हें सरकार द्वारा प्रदत्त अनुदान का लाभ दिलाते हुए रूफटॉप सोलर पैनल लगाने के लिए प्रेरित किया जाए। इससे न केवल उपभोक्ताओं के बिजली बिल में कमी आएगी, बल्कि अक्षय ऊर्जा के उपयोग को भी बढ़ावा मिलेगा।
उन्होंने सभी संबंधित विभागों के पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार हेतु विशेष अभियान चलाया जाए, ताकि अधिक से अधिक लोग इस योजना से जुड़ सकें।
जिला पदाधिकारी ने कहा कि यह योजना न केवल आम जनता को आर्थिक रूप से सशक्त बनाएगी, बल्कि पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी। उन्होंने सभी अधिकारियों को आपसी समन्वय स्थापित कर निर्धारित लक्ष्यों की प्राप्ति सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
जिला पदाधिकारी ने सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों (BDO) एवं नगर निकायों के कार्यपालक पदाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में विशेष शिविर आयोजित कर अधिक से अधिक आवेदन प्राप्त करने का निर्देश दिया। उन्होंने कम से कम 15,000 आवेदन सुनिश्चित करने का लक्ष्य निर्धारित किया।
इसके साथ ही जिला पदाधिकारी ने निर्देश दिया कि जिले में चिन्हित “मॉडल सोलर ग्राम” में अधिक से अधिक रूफटॉप सोलर पैनल स्थापित किए जाएँ। उन्होंने कहा कि जिस गांव में सर्वाधिक रूफटॉप सोलर पैनल स्थापित किए जाएंगे, उसे पुरस्कृत किया जाएगा, ताकि अन्य गांव भी इससे प्रेरित होकर इस योजना से अधिकाधिक जुड़ सकें।
इस बैठक में उप विकास आयुक्त गुंजन सिंह, नगर आयुक्त (नगर निगम), विशेष कार्य पदाधिकारी, निदेशक (एनईपी), अधीक्षण अभियंता (विद्युत), एलडीएम, पंजाब नेशनल बैंक, सहायक निदेशक दिव्यांगजन एवं अन्य वरीय पदाधिकारी एवं प्रखंड स्तरीय पदाधिकारी उपस्थित थे।
