
पटना/बिहार (राकेश मंगल सिन्हा) 27 जनवरी । 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर पटना के फतेहपुर स्थित एसआरपी कॉलेज मे संस्थापक अध्यक्ष डा राजेंद्र प्रसाद राय द्वारा झण्डोतोलन किया गया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि 26 जनवरी 1950 को भारत का संविधान लागू हुआ और हमारा देश एक संप्रभु गणराज्य बना। यह दिन हमें हमारे अधिकारों के साथ कर्तव्यों की भी याद दिलाता है। हमें संविधान के मूल्यों, न्याय, स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व को अपने जीवन में अपनाना चाहिए। सच्ची देशभक्ति यही है कि हम जिम्मेदार नागरिक बनें और देश की प्रगति मे अहम योगदान दें। वरीय शिक्षक लक्ष्मण कुमार ने कहा कि इस दिन राष्ट्रपति तिरंगा फहराते हैं। यह दिन हमें संविधान के मूल्यों, स्वतंत्रता और लोकतंत्र की याद दिलाता है और हर नागरिक को देश के विकास में योगदान करने के लिए प्रेरित करता है। डॉ रमाशंकर ने बताया कि गणतंत्र से अभिप्राय उस शासन प्रणाली से है, जहाँ देश का सर्वोच्च पद किसी राजा या रानी के पास न होकर, जनता द्वारा चुने गए प्रतिनिधियों के पास होता है यानी सत्ता जनता के हाथ में होती है। सरकार संविधान के नियमों के अनुसार चलती है जहाँ शासक वंशानुगत नहीं होते बल्कि जनता द्वारा चुने जाते हैं। सरल शब्दों में, यह ‘जनता का शासन’ है, जहाँ ‘गण’ (लोग) ‘तंत्र’ (प्रणाली) चलाते हैं। इस अवसर पर अतिथि पूर्व प्राचार्य बैद्यनाथ सिंह, डॉ शबनम कुमारी, रामावतार प्रसाद वर्मा एवं समाज सेवी सत्येंद्र सिंह ने अपना विचार व्यक्त किया l मौके पर उपस्थित शिक्षकगण पंकज कुमार, निशा कुमारी, बबीता कुमारी, अर्चना सिन्हा, हरि शंकर कुमार, अजीत कुमार, सुधीर कुमार वर्मा, शशि कुमार, मोहित कुमार, रंजीत कुमार सिंह, ढोलन कुमार, अमित कुमार, छात्र एवं छात्राआदि उपस्थित थे।

