ग्राम चौपाल बनी समाधान का आधार, अधिकारियों ने सरकारी जनकल्याणकारी योजनाओं की दी ग्रामीणों को जानकारी
बिजरौल में ग्राम चौपाल में प्रशासन ने समस्याओं का तुरंत किया समाधान, ग्रामीणों का बढ़ा जुड़ाव।

बिजरौल के 100 बच्चों के डीबीटी से वंचित होने पर नोडल अधिकारी ने बीएसए की कार्य शैली से की नाराजगी व्यक्त, कार्य में सुधार करने के दिए निर्देश।

ग्रामीणों ने उठाई समस्याएं, चौपाल से मिला समाधान और योजनाओं की जानकारी।
RKTV NEWS/बागपत(उत्तर प्रदेश)31 अक्टूबर। बागपत जिले के बड़ौत तहसील के बिजरौल गांव में आयोजित ग्राम चौपाल समाधान का आधार बनी जिसमें जहां ग्रामीणों ने सरकारी जन कल्याणकारी योजनाओं कणसवाल किए तो वहीं मौके पर ही मौजूद प्रशासनिक अधिकारियों ने तुरंत जवाब दिए और साथ ही योजनाओं की जानकारी भी दी और उनसे अधिक लाभान्वित होने का आवाहन किया इसके संबंध में जहां समस्या है गांव में ही कैंप भी लगाए जाएंगे ।
ग्राम चौपाल शासन द्वारा नामित जनपद बागपत के नोडल अधिकारी एवं आयुष विभाग के प्रमुख सचिव रंजन कुमार, जिलाधिकारी अस्मिता लाल, की उपस्थिति में की गई इस दौरान संबंधित विभाग के अधिकारियों ने सरकारी जनकल्याणकारी योजनाओं नीतियों के बारे में जानकारी दी और गांव में सरकार द्वारा कराए गए विकास की पर भी चर्चा हुई प्रमुख सचिव ने कहा जो लोग योजनाओं का लाभ लेने से वंचित है उन्हें लाभान्वित किया जाए अगर कैंप लगाने की आवश्यकता है तो गांव में ही कैंप लगाया जाए किसानों ने सरकार द्वारा जो बीच पर सब्सिडी बाद में दी जाती थी और उनके खाते में आती थी उसे अब आधा कर कर की पोस्ट मशीन के आधार पर उनसे आधी धनराशि ली जाती है जिससे किसान सरकार की इस योजना से बहुत प्रभावित है। इस दौरान विभिन्न योजनाओं के लाभार्थी भी शामिल हुए और फॉर्मर रजिस्ट्री के लिए कैंप भी आयोजित किया गया।
नोडल अधिकारी / प्रमुख सचिव रंजन कुमार ने कहा कि सरकार द्वारा विभिन्न जलकल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही है जिसमें पात्र व्यक्ति लाभ अवश्य ले। वहीं विभागीय अधिकारियों को समस्याओं के क्रम में आवश्यक दिशा निर्देश दिए और कहा कि कैंप लगाकर योजनाओं की जानकारी दे। योजनाओं के क्रियान्वयन में देरी स्वीकार्य नहीं होगी। कार्यशैली में सुधार लाए।
ग्राम चौपाल में ग्रामीणों ने अपनी समस्याएं उठाईं, जिन्हें अधिकारियों ने मौके पर ही सुनकर तुरंत समाधान करने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। प्रमुख सचिव रंजन कुमार और जिलाधिकारी अस्मिता लाल ने यह सुनिश्चित किया कि सभी मुद्दों का समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से निस्तारण हो।
ग्राम चौपाल में विभागीय अधिकारियों ने अपने-अपने विभागों की योजनाओं के बारे में जानकारी दी। इस दौरान कई ग्रामीणों ने अपने मुद्दों को साझा किया। ग्रामीणों ने बताया कि बिजरौल में बने पशु पोलिक्लिनिक में स्टाफ पूरी तरह से नहीं है और बड़े पशुओं के एक्सरे नहीं हो पा रहे हैं। इस पर सीवीओ डॉ. अरविंद त्रिपाठी ने बताया कि एक्सरे मशीन 2005 में स्वीकृत हुई थी जिसके माध्यम से छोटे पशुओं का एक्सरे हो रहा है ग्रामीणों द्वारा बड़े पशुओं के एक्स-रे मशीन की मांग की गई जिस पर प्रमुख सचिव ने मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी को पत्राचार करने के निर्देश दिए यह पॉलीक्लिनिक मेरठ मंडल में अकेला पॉलीक्लिनिक है।
बिजरौल के तीन बेसिक शिक्षा विद्यालयों में कुल 100 बच्चों का आधार कार्ड नहीं बन पाया, जिसके कारण उन्हें डीबीटी (डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर) का लाभ नहीं मिल रहा था। इस पर प्रमुख सचिव ने नाराजगी जताई और बेसिक शिक्षा अधिकारी से जवाब तलब किया। इसके साथ ही, बच्चों की सूची न उपलब्ध कराने पर कार्य शैली में सुधार करने के निर्देश दिए उन्होंने कहा कि बच्चे राष्ट्र का भविष्य होते हैं और जो विद्यालय में बच्चे आ रहे हैं उन्हें अगर सरकारी योजनाओं का लाभ न मिले उसमें चाहे ग्राम पंचायत सचिव ग्राम प्रधान या बेसिक शिक्षा अधिकारी की उदासीनता है तो बच्चों को लाभ नहीं मिलता है इसमें उन्होंने सुधार करने के निर्देश दिए इस कार्य प्रणाली को देखकर उन्होंने पंचायत सचिव का जवाब तलब तय करने के निर्देश दिए एवं बेसिक शिक्षा अधिकारी को कार्यशैली में सुधार के कड़े निर्देश दिए। प्रमुख सचिव ने कहा कि 100 बच्चों को डीबीटी का लाभ न मिला गंभीर विषय है। संवेदनशील बने और योजनाओं से लोगों के जीवन में वास्तविक बदलाव लाए। जनपद के कुल 3400 बच्चों का आधार न बनने से वह डीबीटी से वंचित है। डीबीटी से 1200 रुपए सीधे खाते में आते है जिससे बच्चों को दो जोड़ी यूनिफॉर्म, बैग, स्वेटर जूते आदि मिलते हैं । इस संबंध में प्रमुख सचिव ने गांव में ही आज 31 अक्टूबर 2025 को सुबह 10:00 से और 4:00 तक कैंप लगाए जाने के निर्देश दिए जिन बच्चों के आधार कार्ड नहीं बने हैं कल ही आधार कार्ड और जन्म प्रमाण पत्र जारी हो।
जिलाधिकारी अस्मिता लाल ने बच्चों के दस्तावेज बनाने की प्रक्रिया को तेज करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अभिभावक भी जिम्मेदारी समझें और जिस प्रकार अपनी पेंशन बनवाते है अपने कार्यों के प्रति गंभीर रहते हैं बच्चों के कार्यों के प्रति भी गंभीर रहे प्रशासन आपकी हर मदद के लिए तैयार है सरकार गांव-गांव आ रही है इसलिए योजनाओं का लाभ लें ।
उन्होंने ग्राम प्रधान को भी निर्देश दिए कि वे सभी बच्चों की सूची तैयार कर अपडेट रखें और जल्द से जल्द जन्म प्रमाण पत्र बनवाने के लिए तहसील ब्लॉक के सहयोग से गांव में कैंपों का आयोजन करे।
ग्राम चौपाल में जल निगम के अधिशासी अभियंता ने ओवरहेड टैंक और पाइपलाइन की प्रगति के बारे में बताया। लेकिन ग्रामीणों ने बताया कि पिछले तीन महीनों से ट्रांसफार्मर की खराबी के कारण जल आपूर्ति बाधित है, और कुछ स्थानों पर पाइपलाइन बिछने से उखड़ी सड़कों के कारण परेशानी हो रही है। इस क्रम में प्रमुख सचिव ने आवश्यक दिशा निर्देश दिए। विद्युत आपूर्ति के संबंध में ट्रांसफार्मर की समस्या हेतु उसका एस्टीमेट बनाया गया है।
युवा कल्याण विभाग द्वारा जनपद के सभी गांवों में मंगल दल गठित किए जाने की जानकारी दी और विधानसभा बड़ौत में आयोजित खेल स्पर्धाओं की जानकारी दी। जिसको लेकर नोडल अधिकारी ने आवश्यक निर्देश दिए और कहा कि आयुष विभाग भी योजना बना रहा है कि मंगल दलों के माध्यम से स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम संचालित किए जाए जिसके लिए विभाग सजगता से कार्य करे।
पीडब्ल्यूडी विभाग द्वारा बिजरौल को गुफा मंदिर से जोड़ने हेतु सड़क का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है जो 978.22 लाख की लागत से 12 किमी 300 मीटर लंबा एवं 03 मीटर चौड़ा होगा और कई गांवों के लिए संपर्क मार्ग का कार्य करेगा। जिला कार्यक्रम अधिकारी ने बताया कि बिजरौल में 13 आंगनवाड़ी केंद्र संचालित है पुष्टाहार का लाभ 940 को गांव में मिल रहा है। पंचायत राज विभाग द्वारा गांव में 1493 शौचालय का निर्माण कराया है जिसका ग्रामीण इज्जत घर के रूप में सदुपयोग कर रहे हैं।
जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि पीएम किसान सम्मान निधि के तहत बिजरौल गांव में 1218 लाभार्थी हैं, जिनमें से 153 की फॉर्मर रजिस्ट्री अभी बाकी है। उन्होंने आश्वासन दिया कि एक सप्ताह के अंदर यह लक्ष्य पूरा कर लिया जाएगा। इसके अलावा, राजकीय बीज भंडार बड़ौत से बीजों पर 50 प्रतिशत सब्सिडी दी जा रही है जिसकी छूट खरीद के समय से ब्लॉक के गोदाम पर मिलती है। साथ ही, किसानों को फसल बीमा की जानकारी भी दी गई।
कुछ ग्रामीणों ने अवैध कब्जे और अंश निर्धारण से जुड़ी समस्याएं साझा की जिसमें जिलाधिकारी ने अवगत कराया की जनपद की तीनों तहसीलों में प्रत्येक मंगलवार को अंश निर्धारण का कैंप लगाया जाता है किसी भी किसान को कोई भी समस्या है तो उसके लिए कैंप में जाकर अपनी समस्या का समाधान कर सकता है। प्रमुख सचिव रंजन कुमार ने इस पर संज्ञान लिया और संबंधित अधिकारियों को त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
ग्राम पंचायत द्वारा बनाए गए यात्री शेड को ढहने के बाद अभी तक न बनाया जाना भी एक समस्या रही। इस पर भी अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए गए। बिजरौल इंटर कॉलेज की छत टूटने और भवन के अन्य सुधारों को लेकर ग्रामीणों ने अपनी चिंता व्यक्त की। प्रमुख सचिव ने इस मुद्दे को गंभीरता से लेते हुए एसडीएम से निर्देश दिए कि दोनों पक्षों से मिलकर इसका समाधान निकाला जाए। वहीं मौके पर ही जिला विद्यालय निरीक्षक एवं बीडीओ को स्थलीय निरीक्षण के निर्देश दिए।
प्रमुख सचिव नोडल अधिकारी ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया की सरकारी जनकल्याणकारी योजनाओं नीतियों का लाभ से हर पात्र व्यक्ति गांव में लाभान्वित होना चाहिए पंचायत सचिव और लेखपाल संबंधित अधिकारी इस कार्य में कोई भी लापरवाही ना करें पंचायत सचिव अधिकारियों के संपर्क में रहे ।चौपाल के इस आयोजन ने यह साबित कर दिया कि प्रशासन और ग्रामीणों के बीच संवाद और समझदारी से समस्याओं का समाधान संभव है।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी नीरज कुमार श्रीवास्तव, उपजिलाधिकारी बड़ौत भावना सिंह, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. तीरथ लाल, जिला विकास अधिकारी राहुल वर्मा, लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता अतुल कुमार और अन्य अधिकारीगण भी मौजूद रहे।
ग्रामीणों में मास्टर यशपाल, तेजवीर, बिजेंद्र, लोकेंद्र, जयवीर आदि रहे।

