
आरा/भोजपुर (डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा)31 मई।भोजपुर जिला हिन्दी साहित्य सम्मेलन के तत्वावधान में हिंदी पत्रकारिता दिवस पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया ।कार्यक्रम की अध्यक्षता सम्मेलन के अध्यक्ष प्रो.बलिराज ठाकुर ने की ।संचालन सम्मेलन के प्रधानमंत्री डॉ.नंदजी दूबे ने किया ।कार्यक्रम कीं अध्यक्षता करते हुए प्रो.ठाकुर ने कहा कि हिंदी पत्रकारिता की मूल आत्मा साहित्यिक -सांस्कृतिक ही रही हैं जो उसके उद्भव से लेकर अब तक विद्यमान है।यह व्यापक जनाकांक्षा और जनसंघर्षों को लेकर चलने वाली है ।हिंदी पत्रकारिता का जन्म ही स्वतंत्रता संग्राम के साथ हुआ ।हिंदी पत्रकारिता उन पुरोधा पत्रकारों के साहस,समर्पण और स्वप्न को हकीकत में बदलने का इतिहास है जिन्होंने ब्रिटिश शासन की चुनौतियों व आर्थिक तंगी के बीच हिंदी को जन -जन की आवाज बनाया ।भोजपुरी विभागाध्यक्ष डॉ.दिवाकर पांडेय ने कहा कि पंडित युगल किशोर शुक्ल के “उदंत मार्तण्ड “ का प्रकाशन पत्रकारिता के क्षेत्र में महत्वपूर्ण कदम था।कवि समीक्षक जितेंद्र कुमार ने विस्तार से हिंदी पत्रकारिता के विकास पर चर्चा की ।डॉ.नंदजी दूबे ने कहा कि हिंदी पत्रकारिता परिवर्तन की दिशा में आज भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है ।डॉ.सत्यनारायण उपाध्याय,डॉ.जनार्दन मिश्र,शशिकांत तिवारी,डॉ.ममता मिश्र,डॉ.रेणु मिश्र,रमेश सिंह प्रपन्न,डॉ.अमित जायसवाल,वशिष्ठ मुनि चौधरी ने भी हिंदी पत्रकारिता का भविष्य उज्ज्वल बताया। पंकज ठाकुर ने धन्यवाद ज्ञापन किया।
