
RKTV NEWS/आरा (भोजपुर)09 अक्टूबर। नई दिल्ली की संस्था सनातनी गंगा फाउंडेशन और आईडीपीटीएस के संयुक्त तत्वावधान में वैदिक दिवस का आयोजन किया गया । इस कार्यक्रम का उद्घाटन श्री जैन बाला विश्राम की संगीत शिक्षिका सोनी जैन ने वेदो की ऋचाओ का गान कर किया । तत्पश्चात उन्होंने कहा कि वेदों में उच्चतम आध्यात्मिक ज्ञान के साथ-साथ दुनिया का ज्ञान भी शामिल है। वही शास्त्रीय गायिका श्रेया पांडेय ने कहा कि वैदिक युग के आर्यों की संस्कृति और सभ्यता को जानने का वेद ही तो एकमात्र साधन है। मानव-जाति और विशेषतः वैदिकों ने अपने शैशव में धर्म और समाज का किस प्रकार विकास किया इसका ज्ञान केवल वेदों से मिलता है। वही गुरु बक्शी विकास ने कहा कि सामवेद धुनों और मंत्रों का वेद है। यह एक प्राचीन वैदिक संस्कृत पाठ है, और हिंदू धर्म के पवित्र ग्रंथों में से एक है। चार वेदों में से एक, यह एक धार्मिक पाठ है जिसमें 1,875 छंद हैं। 75 छंदों को छोड़कर सभी ऋग्वेद से लिए गए हैं। इस अवसर पर स्नेहा पांडेय, रीतिका, हंसिका, सलोनी व राका ने शांति पाठ की ऋचाओ पर मनोहारी नृत्य प्रस्तुत किया । वही श्रेया पांडेय, अभिजित पांडेय, लक्षमी कुमारी व ने भगवती स्तुति प्रस्तुत कर समां बाँधा । मंच संचालन आदित्य आर्या व धन्यवाद ज्ञापन सुशील कुमार ‘देहाती’ ने किया ।
