
योजनाओं में बिचौलियों से संबंधित शिकायत पर करे कार्रवाई।
अधिक से अधिक प्रपत्र-6 कलेक्ट करने का दिया गया निर्देश।
बिना सूचना के मुख्यालय से गायब रहने वाले अधिकारियों पर होगी कार्रवाई।
योग्य एवं पात्रता रखनेवाले लाभुकों को अबुआ आवास से करें लाभान्वित।
पंचायत स्तर पर आयोजित होनेवाले ग्राभ सभा का जिला स्तरीय अधिकारी भी करेंगे निरीक्षण।
RKTV NEWS/चतरा (झारखंड)28 जुलाई।शनिवार को देर शाम उपायुक्त रमेश घोलप ने मतदाता सूचि पुनरीक्षण कार्यक्रम 2024, जिला खनिज फाउण्डेशन ट्रस्ट मद, अनुसूचित जन जाति और अन्य पारम्परिक वन निवासी (अधिकारो की मान्यता अधिनियिम), अबुआ आवास, मुख्यमंत्री मइयां सम्मान योजना समेत अन्य योजनाओं को लेकर उप विकास आयुक्त, अनुमण्डल पदाधिकारी चतरा व सिमरिया, सभी प्रखण्ड विकास पदाधिकारी व अंचल अधिकारी समेत जिला स्तर के अधिकारियों के साथ ऑनलाईन माध्यम से समीक्षात्मक बैठक किया।
मतदाता सूचि पुनरीक्षण कार्यक्रम 2024 के समीक्षा के क्रम में उन्होने कहा लोकसभा निर्वाचन के दौरान अबसेंटी, सिफ्टेड एवं मृत मतदाताओं के लिए बहुत अच्छे मात्रा में फार्म कलेक्ट किए गए थे बीएलओ के द्वारा हम उम्मीद करते हुए है कि प्राप्त प्रपत्र फार्म-6, 7 एवं 8 का निष्पादन शत प्रतिशत होगा। क्षेत्र में मतदान प्रतिशत बढ़ाने के लिए मृत मतदाताओं को चिन्हित कर मतदाता सूचि से नाम हटाना, जिला मतदाताओं को उम्र 18 वर्ष से अधिक हो चुका है उन्हे मतदाता सूचि में जोड़ना, त्रृटि रहित मतदाता सूचि में सुधार करना अति आवश्यक है। उन्होने कहा इसके लिए सभी बूथ स्तर के पदाधिकारी सक्रिय होकर कार्य करें। वहीं समीक्षा के दौरान जिन बूथों पर सबसे कम फार्म कलेक्ट हुए है उस क्षेत्र के प्रखण्ड विकास पदाधिकारी को प्राथमिकता के आधार पर मॉनिटरिंग करते हुए अधिक से अधिक फार्म कलेक्ट करवाने का निर्देश दिया। प्रखण्ड विकास पदाधिकारी के लापरवाही के कारण कार्य में सिथिलता आए यह ठीक नहीं है। बिरहोर परिवारों का शत प्रतिशत मतदाता सूचि में नाम शामिल करने का निर्देश दिया। प्रतापपुर व हंटरगंज प्रखण्ड विकास पदाधिकारी के यहां कम फार्म कलेक्ट होने पर उपायुक्त ने नाराजगी व्यक्त करते हुए 07 दिनों के अंदर फार्म कलेक्शन से संबंधित कार्यों में प्रगति लाने का निर्देश दिया।
पारम्परिक वन निवासी (अधिकारो की मान्यता अधिनियिम)
एफआरए के समीक्षा के दौरान उन्होने दोनो अनुमण्डल स्तर पर अभी तक कितने आवेदन प्राप्त हुए है इसकी समीक्षा की। साथ ही अनुमण्डल पदाधिकारी चतरा व सिमरिया को प्रतिदिन इसकी समीक्षा करने का निर्देश दिया गया। ग्राम वन अधिकार का गठन पुनर्गठन, अंचल स्तर पर लंबित मामले की भी बिन्दुवार समीक्षा कर आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए। उन्होने कहा इसमे अगर किसी की भी लापरवाही देखी जाती है तो संबंधित के उपर कार्रवाई की जाएगी। साथ ही उप विकास आयुक्त और अपर समाहर्ता को निर्देशित करते हुए कि जिन प्रखण्ड विकास पदाधिकारियों का कारण पृच्छा किया गया है उसका फाईल अवलोकन के लिए उपलब्ध कराई जाय।
मुख्यमंत्री मइयां सम्मान योजना
मुख्यमंत्री मइयां सम्मान योजना के तहत राज्य की महिलाओं को पोषण स्वास्थ्य और स्वच्छता पर खर्च करने के लिए प्रति माह 1000 रुपये राज्य सरकार की तरफ से दिए जाएंगे। योजना में 21 से 50 वर्ष तक की उम्र वाली महिलाओं को शामिल किया गया है। इस योजना से पात्र महिलाओं को लाभान्वित करने हेतु जिले में कि गई आवश्यक तैयारी की जनकारी समाज कल्याण पदाधिकारी से ली गई। साथ ही कहा इस इस योजना का भ्रम किसी महिला लाभुकों के बीच न हो यह भी सुनश्चित करें एवं पात्रता से संबंधित व्यापक प्रचार-प्रसार करने का निर्देश दिया गया।
अबुआ आवास
उप विकास आयुक्त ने बताया कि पिछले वित्तीय वर्ष में राज्य से 7820 का लक्ष्य प्राप्त हुआ था। वहीं इस वित्तीय वर्ष में 23382 का लक्ष्य मिला है। पिछले वित्तीय वर्ष के लाभुकों को प्रथम किस्त की राशि दी जा चुकी है। इस पर उपायुक्त ने प्रखण्ड विकास पदाधिकारी को योजनाओं का जांच करते हुए द्वितीय किस्त की राशि भी शत प्रतिशत लाभुकों को देने का निर्देश दिया। साथ ही उन्होने कहा पात्रता रखने वाले लाभुकों को ही इस योजना का लाभ मिले, योजना में अगर बिचौलियों से संबंधित शिकायत प्राप्त होती है तो बिचौलियों को चिन्हित कर उनके उपर कार्रवाई करें। किसी भी योजनाओं में पैसे की लेनदेन से संबंधित शिकायत प्राप्त होती है और उसमें कर्मियों की संलिप्ता पाई जाती है तो उनके उपर भी कठोर कार्रवाई करें। सभी प्रखण्ड विकास पदाधिकारी को सख्त शब्दों में निर्देशित किया कि बिना जानकारी के अगर मुख्यालय से बाहर रहते है तो ऐसी परिस्थिति में कार्रवाई की जाएगी। योजनाओं के चयन के लिए पंचायत स्तर पर होनेवाले ग्राम सभा को लेकर उपायुक्त ने कहा कि जिस प्रखण्ड क्षेत्र के पंचायत में ग्राम सभा का आयोजन अभीतक नहीं हुआ है वो प्राथमिकता के आधार पर करा लें। साथ ही कहा प्रखण्ड विकास पदाधिकारी के साथ-साथ जिला स्तर के अधिकारी भी ग्राम सभा का निरीक्षण करेंगे।
