सड़क, पेयजल, स्वास्थ्य, शिक्षा, विद्युत, डाकिया योजना सहित विभिन्न योजनाओं की हुई समीक्षा।
RKTV NEWS/चतरा (झारखंड)08 अक्टूबर।समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में माननीय सांसद, चतरा-सह-अध्यक्ष जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) कालीचरण सिंह की अध्यक्षता में दिशा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में 01 जून 2026 को आयोजित दिशा समिति की बैठक में दिए गए निर्देशों के अनुपालन की विभागवार समीक्षा की गई। साथ ही विभिन्न विकास एवं जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति की जानकारी लेते हुए उनके प्रभावी एवं समयबद्ध क्रियान्वयन को लेकर संबंधित पदाधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
बैठक के प्रारंभ में सांसद, क्षेत्रीय विधायक एवं जिला परिषद अध्यक्षा का पौधा भेंट कर स्वागत किया गया। इसके उपरांत विभिन्न विभागों द्वारा प्रस्तुत अनुपालन प्रतिवेदन एवं संचालित योजनाओं की बिंदुवार समीक्षा की गई।
बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना, पेयजलापूर्ति, आधारभूत संरचना, विद्युत, डाकिया योजना, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना, सड़क एवं पुल-पुलिया निर्माण, जिला खनिज फाउंडेशन ट्रस्ट (DMFT) सहित पेयजल एवं स्वच्छता प्रमंडल, भूमि संरक्षण, शिक्षा, आपूर्ति, स्वास्थ्य, खनन एवं जिला परिषद सहित विभिन्न विभागों के कार्यों की समीक्षा की गई।
सड़क एवं आधारभूत संरचना पर विशेष जोर
सड़क, पुल-पुलिया एवं अन्य आधारभूत संरचना से संबंधित योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए निर्धारित समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण कार्य पूर्ण कराने पर जोर दिया गया। समीक्षा के दौरान बताया गया कि कुछ योजनाएं वन विभाग से अनापत्ति प्रमाण-पत्र (NOC) सहित अन्य तकनीकी एवं प्रशासनिक स्वीकृतियों के कारण लंबित हैं। इस पर संबंधित विभागों को आपसी समन्वय स्थापित कर आवश्यक स्वीकृतियां प्राप्त करने तथा लंबित योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी लाने का निर्देश दिया गया।
पेयजल एवं विद्युत व्यवस्था की समीक्षा
पेयजल एवं स्वच्छता से संबंधित योजनाओं की समीक्षा के दौरान ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता, जलमीनार, पाइपलाइन विस्तार एवं जलापूर्ति योजनाओं की प्रगति की जानकारी ली गई। खराब जलमीनार एवं चापाकलों की मरम्मत प्राथमिकता के आधार पर कराने तथा ग्रामीण क्षेत्रों में सुचारू पेयजलापूर्ति सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। वहीं विद्युत विभाग से संबंधित मामलों की समीक्षा करते हुए विद्युत आपूर्ति व्यवस्था को सुदृढ़ करने, लंबित कार्यों का निष्पादन सुनिश्चित करने तथा जनसुविधा से जुड़े मामलों के त्वरित समाधान पर बल दिया गया।
शिक्षा, स्वास्थ्य एवं आपूर्ति विभाग के कार्यों की समीक्षा
शिक्षा, स्वास्थ्य एवं आपूर्ति विभाग से जुड़े मामलों की समीक्षा के दौरान विद्यालयों में आधारभूत सुविधाओं एवं भवन निर्माण, स्वास्थ्य संस्थानों में आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता तथा सार्वजनिक वितरण प्रणाली के सुचारू संचालन की जानकारी ली गई। पात्र लाभुकों तक जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ प्रभावी रूप से पहुंचाने को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा के क्रम में जिले के सभी स्वास्थ्य केंद्रों में आवश्यक जीवनरक्षक दवाओं की उपलब्धता की जानकारी ली गई। विशेष रूप से कुत्ते एवं अन्य पशुओं के काटने की स्थिति में उपयोग होने वाली एंटी-रेबीज वैक्सीन तथा सर्पदंश की स्थिति में आवश्यक एंटी-स्नेक वेनम (एंटी-वेनम) दवा की उपलब्धता की समीक्षा की गई। संबंधित पदाधिकारियों को सभी स्वास्थ्य केंद्रों में इन दवाओं की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा आवश्यकता के अनुरूप समय पर आपूर्ति एवं स्टॉक की नियमित निगरानी करने का निर्देश दिया गया, ताकि आपात स्थिति में मरीजों को तत्काल उपचार उपलब्ध कराया जा सके।
डाकिया योजना की समीक्षा, सभी PVTG परिवारों तक लाभ पहुंचाने का निर्देश
बैठक में डाकिया योजना की विशेष रूप से समीक्षा की गई। संबंधित पदाधिकारियों को जिले के सभी पात्र PVTG परिवारों को योजना के लाभ से आच्छादित करने तथा किसी भी पात्र परिवार को योजना के लाभ से वंचित नहीं रहने देने का निर्देश दिया गया। साथ ही योजना के तहत लाभुक परिवारों को निर्धारित लाभ नियमित रूप से मिल रहा है या नहीं, इसकी नियमित एवं प्रभावी मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने को कहा गया। अधिकारियों को क्षेत्र स्तर पर योजना के क्रियान्वयन की स्थिति की लगातार समीक्षा करते हुए आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। इटखोरी प्रखंड क्षेत्र के पीतीज स्थित बिरहोर टोला तक पहुंच पथ, बिरहोर परिवारों के लिए सोने हेतु चौकी की व्यवस्था एवं आवास मरम्मती से संबंधित विषयों पर भी चर्चा की गई तथा आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
जनप्रतिनिधियों ने रखे क्षेत्रीय मुद्दे
बैठक में जनप्रतिनिधियों को अपने-अपने क्षेत्र से संबंधित समस्याओं एवं सुझावों को रखने का अवसर दिया गया। इस दौरान स्वास्थ्य संस्थानों में चिकित्सीय सुविधाएं, एंबुलेंस एवं शव वाहन की व्यवस्था, पेयजलापूर्ति, सड़क एवं पुल-पुलिया निर्माण तथा ग्रामीण आधारभूत संरचना से जुड़े विभिन्न जनहित के मुद्दे उठाए गए। संबंधित विभागों को प्राप्त समस्याओं एवं सुझावों पर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया।
इसके अतिरिक्त अवैध खनन एवं परिवहन, ओवरलोड वाहनों, निर्धारित गति सीमा से अधिक गति से चलने वाले खनिज लदे वाहनों तथा ड्रिंक एंड ड्राइव के मामलों के विरुद्ध अभियान चलाकर सघन जांच एवं आवश्यक कार्रवाई करने पर भी जोर दिया गया।
अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे विकास योजनाओं का लाभ : सांसद
माननीय सांसद कालीचरण सिंह ने कहा कि विकास योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना सभी विभागों की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने अधिकारियों को योजनाओं के क्रियान्वयन में गुणवत्ता, पारदर्शिता एवं समयबद्धता सुनिश्चित करने तथा जनप्रतिनिधियों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर कार्य करने का निर्देश दिया। उन्होंने जनहित से जुड़े मामलों का प्राथमिकता के आधार पर निष्पादन सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया।
बैठक में उपायुक्त रवि आनंद, पुलिस अधीक्षक अनिमेष नथानी, सिमरिया विधानसभा क्षेत्र के विधायक उज्ज्वल कुमार दास, बड़कागांव विधायक के प्रतिनिधि, हजारीबाग सांसद के प्रतिनिधि रविन्द्र सिंह, वन प्रमंडल पदाधिकारी (उत्तरी) राहुल मीणा, वन प्रमंडल पदाधिकारी (दक्षिणी) मुकेश कुमार, जिला परिषद अध्यक्षा ममता कुमारी, अपर समाहर्ता अरविंद कुमार, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी शकील अहमद, सभी प्रखंड प्रमुख, विभिन्न विभागों के पदाधिकारी एवं संबंधित कर्मी उपस्थित थे।

