
RKTV NEWS/चतरा (झारखंड)05 मई। सोमवार को समाहरणालय स्थित सभा कक्ष में उपायुक्त रवि आनंद की अध्यक्षता में जिला विकास शाखा अंतर्गत संचालित विभिन्न योजनाओं की विस्तृत समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में मनरेगा, प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण), अबुआ आवास योजना, भीमराव आंबेडकर आवास योजना, बिरसा संवर्धन कूप योजना सहित अन्य योजनाओं की बिंदुवार समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
उपायुक्त ने सभी प्रकार की आवास योजनाओं की समीक्षा करते हुए स्पष्ट निर्देश दिया कि जिन लाभुकों को प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय किस्त की राशि उपलब्ध कराई जा चुकी है, उनके किस्त के अनुरूप आवासों का शत-प्रतिशत निर्माण कार्य हर हाल में पूर्ण कराया जाए। उन्होंने कहा कि योजनाओं में किसी प्रकार की ढिलाई या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
मनरेगा अंतर्गत पीडी (पर्सनडेज) सृजन की खराब प्रगति पर उपायुक्त ने गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए सभी प्रखंड कार्यक्रम पदाधिकारियों एवं संबंधित कर्मियों को कड़ी फटकार लगाई और संबंधित कर्मियों के वेतन से कटौती करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि कार्य में सुधार नहीं होने की स्थिति में संबंधित के ऊपर आवश्यकतानुसार कठोर कार्रवाई भी की जाएगी।
उपायुक्त ने निर्देश दिया कि एक ही स्थान पर लंबे समय से पदस्थापित पदाधिकारियों एवं कर्मियों की सूची तैयार कर जिला स्तर पर उपलब्ध कराई जाए, ताकि आवश्यक प्रशासनिक कार्रवाई की जा सके।
मनरेगा के तहत गुणवत्तापूर्ण परिसंपत्तियों के निर्माण पर बल देते हुए उपायुक्त ने सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों को निर्देशित किया कि अपने-अपने प्रखंडों में उत्तम मनरेगा पार्क के निर्माण हेतु उपयुक्त स्थलों का चयन कर सूची उपलब्ध कराएं, ताकि योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित हो सके।
बैठक में जिला स्तर से सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों को सप्ताह में दो दिन रोस्टर के अनुसार क्षेत्र भ्रमण करने का निर्देश दिया गया। उपायुक्त ने कहा कि 24 अप्रैल से 11 मई तक संचालित पेयजल समस्या निवारण पखवाड़ा के दौरान पेयजल संकट वाले स्थलों का चिन्हांकन कर वहां समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। साथ ही उन्होंने आगामी गर्मी को देखते हुए प्राथमिक स्वास्थ्य उपकेंद्रों का औचक निरीक्षण कर वहां उपलब्ध मूलभूत सुविधाओं एवं चिकित्सकों/कर्मियों की उपस्थिति का जायजा लेने का भी निर्देश दिया।
उपायुक्त ने यह भी कहा कि पंचायत सचिवालय स्तर पर जनप्रतिनिधियों के साथ नियमित बैठक कर क्षेत्रीय समस्याओं की जानकारी ली जाए और उनका त्वरित निष्पादन सुनिश्चित किया जाए। गर्मी के मौसम में संभावित अगलगी की घटनाओं को ध्यान में रखते हुए प्रखंड स्तर पर पूर्व से ही आवश्यक तैयारियां रखने का निर्देश भी दिया गया।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि जनता दरबार अथवा अन्य माध्यमों से प्राप्त शिकायतों को यदि जिला स्तर से प्रखंड या अंचल को भेजा जाता है, तो उनका प्राथमिकता के आधार पर त्वरित निष्पादन सुनिश्चित किया जाए।
योजनाओं में गति लाने के उद्देश्य से उपायुक्त ने सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रखंड स्तर पर मनरेगा, आवास, स्वास्थ्य, विद्युत एवं पेयजल सहित सभी योजनाओं की नियमित समीक्षा बैठक आयोजित कर प्रगति में सुधार लाएं।
बैठक में उप विकास आयुक्त अमरेंद्र कुमार सिन्हा, सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी सहित संबंधित विभागों के पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित थे।
