
RKTV NEWS/हाजीपुर (वैशाली)08 अप्रैल।जिला पदाधिकारी, वैशाली वर्षा सिंह की अध्यक्षता में आज AES (चमकी बुखार) की रोकथाम एवं नियंत्रण को लेकर वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिला स्तरीय टास्क फोर्स द्वारा की गई तैयारियों की गहन समीक्षा करते हुए सभी संबंधित विभागों को अलर्ट मोड में कार्य करने का निर्देश दिया गया।
जिलाधिकारी ने बताया कि AES के प्रभावी नियंत्रण हेतु जिले में समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। सदर अस्पताल, हाजीपुर में 10 बेड का अत्याधुनिक PICU संचालित है, जबकि सभी प्राथमिक एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में AES प्रभावित बच्चों के लिए विशेष वार्ड एवं बेड आरक्षित किए गए हैं।
उन्होंने निर्देश दिया कि सभी स्वास्थ्य संस्थानों में आवश्यक दवाओं एवं उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित रहे तथा चिकित्सकों एवं पारा मेडिकल कर्मियों की 24×7 रोस्टर ड्यूटी का सख्ती से पालन कराया जाए, ताकि किसी भी आपात स्थिति में त्वरित उपचार उपलब्ध हो सके।
जिलाधिकारी ने कहा कि AES से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय जागरूकता है। इस हेतु आशा कार्यकर्ता, आंगनवाड़ी सेविका, जीविका दीदी, शिक्षक एवं जनप्रतिनिधियों को व्यापक रूप से प्रशिक्षित कर गांव-गांव तक जागरूकता अभियान चलाया जाए। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग एवं आईसीडीएस को समन्वित रूप से कार्य करते हुए घर-घर तक जानकारी पहुंचाने का निर्देश दिया।
उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि जिले के सभी स्वास्थ्य संस्थानों में स्थापित AES कंट्रोल रूम सक्रिय रूप से कार्य करें तथा आमजन की सहायता हेतु जारी जिला स्तरीय कंट्रोल रूम नंबर- 9470264250 संचालित है एवं विभिन्न प्रखंड स्तरीय भी कंट्रोल रूम नंबर जारी किए गए है।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट रूप से कहा कि AES की रोकथाम एवं नियंत्रण में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखते हुए त्वरित चिकित्सा सुविधा एवं सतत मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जाए, ताकि समय रहते प्रभावी कार्रवाई कर बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
बैठक में उप विकास आयुक्त, वैशाली, सिविल सर्जन, वैशाली, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (स्वास्थ्य), जिला वेक्टर जनित रोग नियंत्रण पदाधिकारी, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (आईसीडीएस), जिला पशुपालन पदाधिकारी, सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी, जिला वैशाली सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित रहे।
