
आरा/भोजपुर (डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा)13 जनवरी।स्वामी विवेकानंद जयंती के अवसर पर अखिल भारतीय जनसंघ द्वारा फ्रेंड्स कॉलोनी कार्यालय में संगोष्ठी आयोजित हुई। अध्यक्षता करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष आचार्य (डॉ) भारतभूषण पाण्डेय ने कहा कि लंबे समय की परतंत्रता ने भारत और हिंदुत्व की प्रतिष्ठा को धूमिल कर दिया था।उस समय स्वामी विवेकानंद के रूप में भारतवर्ष के सांस्कृतिक-दार्शनिक गौरव का चिरप्रभावी प्रकाश प्रकट हुआ और विश्व को मानवता, स्वतंत्रता और आध्यात्मिकता का नया मार्ग प्रदान किया। इन्होंने कहा कि स्वामी विवेकानंद ने संपूर्ण उपनिषदों का सार तत्त्व और भगवान आदिशंकराचार्य की व्याख्या का सुंदर प्रचार कर विश्व में भारतीय मनीषा का डिंडिंम उद्घोष किया। भारत के अंदर राष्ट्र की आत्मा को जगाया और स्वतंत्रता के लिए नयी प्रेरणा प्रदान की। जिस बंगाल की उर्वरा शस्य श्यामला धरा ने स्वामी विवेकानंद जैसे तमाम महापुरुषों को उत्पन्न किया वहां आज हिंदू गाजर-मूली की तरह काटे जा रहे हैं।योग्य समाज, सुख, स्वाभिमान और स्वतंत्रतापूर्वक जीवन जी सकें, ऐसा स्वामी जी चाहते थे।जिलाध्यक्ष मधेश्वर नाथ पांडेय ने कहा कि युवा पीढ़ी को नशा, अश्लील मनोरंजन आदि कुरीतियों से और समाज-विरोधी तत्त्वों से दूर रहकर स्वाध्याय और कठोर शारीरिक श्रम करना चाहिए। अधिवक्ता सत्येन्द्र नारायण सिंह ने कहा कि जनसंघ स्वामी विवेकानंद के आदर्शों का वाहक है।संचालन रामप्रकाश पाण्डेय, स्वागत अजय कुमार पाठक तथा धन्यवाद ज्ञापन वीरेंद्र प्रसाद श्रीवास्तव ने किया।
