
RKTV NEWS/चतरा ( झारखंड)12 दिसंबर।वित्तीय सेवाएँ विभाग (डीएफएस), भारत सरकार तथा भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) के संयुक्त तत्वावधान में शुक्रवार को जिला खनिज फाउंडेशन ट्रस्ट सह प्रशिक्षण भवन हॉल चतरा में अदावा जमा (Unclaimed Deposits) संबंधी जागरूकता एवं सहायता शिविर आयोजित किया गया। शिविर का उद्देश्य जिले के उन लोगों तक सुविधाएँ पहुँचाना था, जिनके बैंक खातों में वर्षों से बिना दावा की राशि लंबित है या जिनका दावा निस्तारण समय पर नहीं हो पाया है।
शिविर का उद्घाटन उपायुक्त कीर्तिश्री ने किया। इस अवसर पर उप विकास आयुक्त अमरेंद्र कुमार सिन्हा, बैंक ऑफ इंडिया हजारीबाग के आंचलिक प्रबंधक नरेंद्र कुमार, अग्रणी जिला प्रबंधक (एलडीएम) अहसन अहमद, डीडीएम नाबार्ड, जेएसएलपीएस प्रतिनिधि तथा विभिन्न बैंकों के अधिकारियों ने भाग लिया।
अधिकारियों ने उपस्थित लोगों को बचत एवं चालू खाते, सावधि जमा (एफडी), आवर्ती जमा (आरडी) और लंबे समय से निष्क्रिय पड़े बैंक खातों से संबंधित अदावा जमा की खोज, आवश्यक दस्तावेजों एवं दावा प्रक्रिया के बारे में विस्तृत जानकारी दी। साथ ही, RBI के ‘उद्गम पोर्टल’ के माध्यम से ऑनलाइन खोज एवं दावा पंजीकरण की सरल प्रक्रिया का प्रदर्शन भी किया गया।
उपायुक्त कीर्तिश्री ने कहा कि DFS और RBI की यह संयुक्त पहल यह सुनिश्चित करने के लिए है कि बैंकों में वर्षों से लंबित जमा राशि सरल, सुरक्षित और पारदर्शी तरीके से सही व्यक्ति तक पहुँचे।
उन्होंने बताया कि शिविर में कई मामलों का तत्काल निस्तारण किया गया तथा शेष दावों को त्वरित कार्रवाई के लिए संबंधित बैंक शाखाओं को प्रेषित किया गया।
जिले में अदावा जमा की वर्तमान स्थिति पर अधिकारियों ने जानकारी देते हुए बताया कि जिले के सभी बैंकों में कुल 92,430 खाते अदावा श्रेणी में दर्ज थे, जिनमें लगभग 34.20 करोड़ रुपये की राशि लंबित थी।
बैंकिंग संस्थानों के निरंतर प्रयास से अबतक लगभग 3.32 करोड़ रुपये की अदावा राशि वास्तविक लाभुकों को वापस की जा चुकी है।
शिविर में वरिष्ठ नागरिकों, दिवंगत खाताधारकों के परिजनों तथा बड़ी संख्या में आम नागरिकों ने पहुँचकर अदावा जमा की जानकारी प्राप्त की और प्रक्रिया का लाभ उठाया। अंत में आरबीआई के अधिकारियों ने अपील किया कि नागरिक समय-समय पर अपने बैंक खातों की स्थिति की जाँच करें तथा अदावा जमा की जानकारी के लिए उद्गम पोर्टल का नियमित उपयोग करें।
