
RKTV NEWS/नई दिल्ली, 18 सितंबर।अखिल भारतीय कायस्थ महासभा ने भाजपा विधायक (MLC) पवन जायसवाल के हालिया बयान को “भगवान चित्रगुप्त एवं कायस्थ समाज का घोर अपमान” बताते हुए कड़ी आपत्ति दर्ज की है। संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अनूप कुमार श्रीवास्तव (IRS) ने एक औपचारिक पत्र जारी कर कहा कि जायसवाल का वक्तव्य करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था को ठेस पहुँचाने वाला है और संपूर्ण कायस्थ समाज की गरिमा का उल्लंघन करता है।
महासभा ने जायसवाल को स्पष्ट चेतावनी दी है कि वे तत्काल अपने बयान पर सार्वजनिक रूप से खेद प्रकट करें और भगवान चित्रगुप्त तथा कायस्थ समाज से माफी माँगें। संगठन ने यह भी कहा है कि यह माफी जायसवाल को व्यक्तिगत रूप से चित्रगुप्त मंदिर में जाकर समाज और श्रद्धालुओं के समक्ष प्रस्तुत करनी होगी।
डॉ. श्रीवास्तव ने चेतावनी दी कि यदि जायसवाल निर्धारित समयावधि में सार्वजनिक माफी नहीं माँगते हैं, तो महासभा उनके विरुद्ध लोकतांत्रिक एवं कानूनी अधिकारों का प्रयोग करने को बाध्य होगी।
पत्र में कहा गया है कि “भगवान चित्रगुप्त सृष्टि के महालेखाकार और न्याय के अधिष्ठाता हैं। इतिहास साक्षी है कि कलम की शक्ति तलवार से कहीं अधिक प्रखर और स्थायी होती है। ऐसे में भगवान चित्रगुप्त का अपमान समाज के लिए अस्वीकार्य है।”
