रचनात्मकता की नयी उड़ान
खैरागढ़/छत्तीसगढ़ (रवींद्र पांडेय) 7 जून। इंदिरा कला संगीत विश्वविद्यालय, खैरागढ़ नृत्य, संगीत एवं ललित कला के क्षेत्र में एशिया का एकमात्र विशिष्ट विश्वविद्यालय है। यह संस्थान विद्यार्थियों के लिए एक समग्र, शोधोन्मुख एवं विद्यार्थी-केंद्रित वातावरण तैयार कर, उनकी रचनात्मक क्षमता को जागृत करने और कला की गहराइयों से परिचित कराने का सुनहरा अवसर प्रदान कर रहा है। विश्वविद्यालय प्रारम्भिक रूप से सर्टिफिकेट अथवा डिप्लोमा स्तर से कला के क्षेत्र में शोधात्मक स्तर तक पारंगत कर कला रसिकों को कला के उच्चतम शिखर पर स्थापित कर रहा है। छ.ग. शासन द्वारा भी इस विश्वविद्यालय को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्थापित करने का निर्णय लिया गया है। भारत के अतिरिक्त अन्य कई देशों के विद्यार्थियों द्वारा भी इस विश्वविद्यालय में प्रवेश हेतु वर्ष प्रतिवर्ष बढ़-चढ़कर आवेदन किए जा रहे हैं। विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों द्वारा लगातार राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 700 से अधिक पुरस्कार प्राप्त किए गए हैं। हाल ही में यूथ फेस्टिवल में संगीत विश्वविद्यालय द्वारा चैंपियनशिप ट्राफी प्राप्त की गयी है। इस विश्वविद्यालय को सभी कला साधकों एवं समुदाय के लिए एक तीर्थस्थल के रूप में स्थापित किया गया है, जहां परंपरा एवं नवाचार साथ-साथ प्रगति कर रहे हैं।
पाठ्यक्रम की विविधता : कला के अनेक आयाम
स्नातक एवं स्नातकोत्तर स्तर पर बी.पी.ए. एवं एम.पी.ए पाठ्यक्रमः- हिन्दुस्तानी गायन, हिन्दुस्तानी वायलिन, सितार, सरोद, तबला, कथक, भरतनाट्यम, ओडिसी, लोकसंगीत, नाटक।
स्नातक एवं स्नातकोत्तर स्तर पर बी.एफ.ए एवं एम.एफ.ए. पाठ्यक्रम : चित्रकला, मूर्तिकला एवं छापा चित्रकला (ग्राफिक्स)।
बी.वोक : टेक्सटाइल डिजाइन एवं अपैरल डिजाइन।
स्नातक एवं स्नातकोत्तर स्तर पर बी.ए एवं एम. ए. पाठ्यक्रम : संस्कृत साहित्य, हिन्दी साहित्य, अंग्रेजी साहित्य एवं प्राचीन भारत का इतिहास, संस्कृति एवं पुरातत्व।
इसके साथ-साथ विश्वविद्यालय में शोधात्मक गतिविधियों के विस्तार हेतु इतने सारे विषयों में पीएचडी की भी सुविधा है एवं डी.लिट् की सुविधा प्रदान करने वाला संभवतः भारत का एकमात्र विश्वविद्यालय भी है।
प्रवेश प्रक्रिया एवं महत्वपूर्ण तिथियां
ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया 2025-26
पंजीयन अवधि : 20 मई से 16 जून 2025
प्रथम अभिरुचि परीक्षाः 24 से 27 जून 2025
चयनित विद्यार्थियों की सूची जारी होगी : 30 जून 2025
प्रवेश शुल्क जमा करने की अवधि : 01 से 10 जुलाई 2025
द्वितीय अभिरुचि परीक्षा : 22 से 24 जुलाई 2025
चयन सूची जारी होगी : 25 जुलाई 2025
विश्वविद्यालय ने शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिए प्रवेश प्रक्रिया प्रारम्भ कर दी है। जानकारी एवं आवेदन संबंधी विवरण के लिए विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट www.iksv.ac.in पर जाकर लाभ उठा सकते हैं और कला एवं संगीत के क्षेत्र में अपनी पहचान बना सकते हैं।
विश्वविद्यालय की अनोखी विशेषताएं
रचनात्मकता का मुक्त मंच– यहां छात्रों को अनुभवी शिक्षकों द्वारा मनोहारी प्राकृतिक वातावरण में तनावरहित शिक्षण एवं प्रशिक्षण प्रदान किया जाता है, जिससे उनकी कला में गहराई एवं शोध का समागम होता है। नृत्य, संगीत, ड्रामा एवं ललित कला के साथ-साथ अन्य विषयों की भी व्यापक जानकारी दी जा रही है, जिससे छात्रों का बौद्धिक विकास सुनिश्चित हो रहा है। विश्वविद्यालय का लक्ष्य शुद्ध अंतःकरण एवं बाधा रहित प्रशिक्षण व्यवस्था के साथ कला साधकों को ज्ञान के नए आयामों तथा कला की सच्ची भावना से परिचित कराना है।
सुनहरे भविष्य का आमंत्रण
इंदिरा कला संगीत विश्वविद्यालय न केवल एक शिक्षण संस्थान है, बल्कि यह एक ऐसा मंच है जहां छात्र अपनी रचनात्मक प्रतिभा को उजागर कर, कला के क्षेत्र में नया इतिहास रच रहे हैं। यह सटीक और सुनियोजित प्रक्रिया छात्रों को स्पष्ट मार्गदर्शन प्रदान करती है, जिससे वे अपने कला एवं संगीत के सपनों को सफलता के पथ पर अग्रसर कर सकें। कोई भी कला साधक संगीत, ललित कला एवं साहित्य में अपना भविष्य संवारना चाहते हैं, तो यह आवश्यक है कि वह इस अद्वितीय शिक्षण संस्थान का हिस्सा बनें और अपने सपनों को पंख लगाएं।

