आरा/भोजपुर (डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा)12 जून। मंगलवार को भीषण गर्मी को देखते हुए वीर कुंवर सिंह विश्वविद्यालय आरा के स्नातकोत्तर मनोविज्ञान विभाग में पक्षियों के लिए दाना पानी रखने के लिए कार्यक्रम आयोजित किया गया।
जिसमें छात्रों ने बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया। अध्यक्षता विभागाध्यक्ष प्रोफेसर लतिका वर्मा ने की। उन्होंने बताया कि बेजुबान पक्षियों की रक्षा करना हमारा कर्तव्य धर्म हैं। बदलते जलवायु परिवर्तन पर्यावरण के बीच पक्षियों के लिए यह दौर चिंता जनक हो गया है। घर-आंगन में चहकने-फुदकने वाली छोटी-सी, प्यारी-सी पक्षियों की चहचहाहट हम सभी के बचपन एवं जीवन का हिस्सा रही हैं। लेकिन हम उसके रहने, खाने पीने के सभी सुविधाओं में कटौती कर दी है जिसके कारण हम सबों से दूर होते जा रहे हैं। इनका बचाव और अपनापन बनाकर संरक्षित करना हम सबकी नैतिक जिम्मेदारी है और दायित्व भी। हम सब मिलकर दाना पानी रखने के सकोर ले और उसमें दाना पानी रखें। ताकि सभी पक्षियां अपनी प्यास व भूख मिटा सकें।परिंदों की इस तड़प को रोका जा सकता है। पर्यावरण प्रेमी शिवम कुमार ने टीम बनाकर वीर कुंवर सिंह विश्वविद्यालय आरा के प्रांगण में पक्षियो को बचाने के लिए विभिन्न जगहों पर दाना पानी रखते हुए इसके प्रति जागरूकता बढ़ाने और उसके संरक्षण के लिए लोगों को भी प्रेरित किया गया। पक्षियों के संरक्षण के लिए हम यही कर सकते हैं कि अपनी छत पर दाना-पानी रखें, अधिक से अधिक पेड़-पौधे लगाएं, उनके लिए कृत्रिम घोंसलों का निर्माण करें। साथ ही दाना-पानी भी रखा जा रहा है। कई पक्षी विलुप्त होने के कागार पर है। पर्यावरण संरक्षण करें क्योंकि पर्यावरण हैं तो हम सभी का जीवन धरती पर हैं नहीं तो जीवन संकट में पड़ सकता है। इस कार्यक्रम के दौरान पर्यावरण प्रेमी शिवम कुमार, छात्र आनंद रत्न मौर्य, अर्जुन कुमार, सोविंदा कुमार, छात्रा प्रियंका कुमारी, चांदनी कुमारी, दिव्या कुमारी, मधु कुमारी, रिंकी कुमारी, निराली कुमारी, श्वेता उपाध्याय, गीता कुमारी, आदि कई लोग उपस्थित रहे।
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