RKTV NEWS/नई दिल्ली 07 जून।राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (एनएचए) ने आभा-आधारित स्कैन और शेयर सेवा के माध्यम से बाह्य-रोगी विभाग (ओपीडी) पंजीकरण के लिए 3 करोड़ से अधिक टोकन तैयार करके स्वास्थ्य सेवाओं को डिजिटल बनाने की दिशा में अपने मिशन में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि प्राप्त की है।
सेवा को और अधिक अपनाने के लिए, राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (एनएचए) आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (एबीडीएम) की डिजिटल स्वास्थ्य प्रोत्साहन योजना (डीएचआईएस) के माध्यम से ‘स्कैन और शेयर’ लेनदेन और इलेक्ट्रॉनिक स्वास्थ्य रिकॉर्ड बनाने के लिए वित्तीय प्रोत्साहन प्रदान करता है। डिजिटल स्वास्थ्य प्रोत्साहन योजना (डीएचआईएस) के बारे में अधिक जानकारी https://abdm.gov.in/DHIS पर उपलब्ध है।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (एनएचए) स्वास्थ्य सेवाओं तक रोगियों की पहुँच बढ़ाने के लिए प्रौद्योगिकी का लाभ उठा रहा है। ‘स्कैन और शेयर’ सेवा अब सार्वजनिक अस्पतालों के फ़ार्मेसी काउंटरों पर भी लागू की जा रही है और इसे प्रयोगशाला सेटिंग्स में विस्तारित करने की योजनाएँ चल रही हैं। इसके अतिरिक्त, क्यू आर कोड के साथ नागरिकों की सुविधा का लाभ उठाते हुए ‘स्कैन और भेजें’ और ‘स्कैन और भुगतान’ जैसी आगामी सेवाएँ शुरू करने का प्रयास किया जा रहा है। ‘स्कैन और भुगतान’ सेवा रोगियों को सीधे उनके ऐप के माध्यम से उनके लिए निर्धारित जांच या दवाओं के लिए भुगतान करने में सक्षम बनाएगी, जिससे स्वास्थ्य सुविधाओं पर भुगतान के लिए लाइनों में प्रतीक्षा करने की आवश्यकता समाप्त हो जाएगी। इसी तरह, ‘स्कैन और भेजें’ सेवा शीघ्र ही रोगियों को किसी सुविधा (अस्पताल या फार्मेसी) में सुविधाजनक रूप से क्यूआर कोड स्कैन करने और अपने स्वास्थ्य रिकॉर्ड (पर्चे या लैब रिपोर्ट सहित) भेजने की सुविधा प्रदान करेगी।
