आरा/भोजपुर (डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा)10 मई। तरारी प्रखंड के जेठवार भट्ट गाँव में माँ बरेजी ट्रस्ट द्वारा आयोजित श्रीमद भागवत कथा ज्ञान यज्ञ के तीसरे दिन गुरुवार को हजारों श्रद्धालूओं भागवत कथा का श्रवण किया एवं रास लीला का मंचन देखा।श्रीमद जगद्गुरु निम्बकाचार्य पीठाधीश्वर श्री राधा मोहन शरण देवाचार्य जी महाराज ने भागवत कथा में ब्रम्ह और माया को विस्तार से समझाया। इन्होंने कहा कि संसार को बनने वाला, पालन करने वाला और संहार करने वाला ही ब्रम्ह हैं।इस संसार में एक ब्रम्ह के अतिरिक्त दूसरा कुछ भी नहीं हैं।माया भस्मान सत्ता हैं और आत्मा विद्यमान सत्ता हैं।जन्म से पहले हमारा शरीर नहीं था, मृत्यु के बाद भी हमारा शरीर नहीं रहेगा।भगवान के अलावा संसार में कोई दूसरी वस्तु हैं ही नहीं।
श्री महाराज ने कहा कि दान देने के लिए देश, काल और पात्र का चयन जरुरी हैं।अक्षय तृतीय, मकर संक्रांति ,कार्तिक नवमी दान के लिए उपयुक्त काल माना जाता हैं। रासलीला देखने को हजारों की संख्या में श्रद्धालूँ आ रहें है।माँ बरेजी ट्रस्ट व आयोजन समिति के वरीय सदस्य कुमार विनय ने बताया कि अन्य जगह पर मदिर के प्रतिष्ठापन के लिए माँ बरेजी से अनुमति हेतू गुरुवार से अखंड हरिकीर्तन का कार्यक्रम प्रारम्भ हुआ हैं।कल 10 मई को माँ बरेजी के भूमि पूजन का कार्यक्रम है।जेठवार भट्ट पंचायत के मुखिया श्री मुन्ना कुमार ने बताया कि कल के भूमि पूजन समारोह में उत्तर प्रदेश, झारखण्ड व बिहार के अन्य जिलों अत्यधिक श्रद्धालूओं के आने की संभावना है। इस अवसर पर यज्ञ आयोजन समिति के संरक्षक रंजन राय, कमलेश राय, सुरेश राय सुरेन्द्र यादव, हृदयानन्द यादव राकेश राय, संजय सिंह, पूर्व मुखिया भीम पासवान, शिव कुमार राम आदि उपस्थित रहें।

