पटना/बिहार (राकेश मंगल सिन्हा) 2 जनवरी। केन्द्र सरकार द्वारा सड़क हादसों पर नियंत्रण करने के लिए “हिट एंड रन कानून” में बदलाव कर नये “हिट एंड रन” कानून बनाने के विरोध मे चालकों के हड़ताल पर रहने के कारण वाहनों के चक्के थम गये। ट्रक, बस से लेकर अन्य वाहन नहीं चले। भारी वाहनों का परिचालन ठप रहा। स्कूली वाहन नहीं चलने से बच्चे स्कूल नहीं जा सके। चालकों की हड़ताल के कारण ट्रैकों,बसों सहित अन्य वाहनों के पहियों के थमने से लोगों को आने-जाने में काफी दिक्कत हुई। कई लोगों के आवश्यक कार्य नहीं हो सके। ऑल इंडिया ट्रक चालक संगठन के आह्वान पर चालकों के हड़ताल पर रहने से ट्रांसपोर्टरों एवं व्यवसायियों को भी काफी नुकसान उठाना पड़ रहा है। सामानों का आवागमन ठप है। स्कूली वाहनों के नहीं चलने से बच्चे स्कूल जाने से वंचित रह गये। नैशनल हाईवे एवं स्टेट हाईवे पर कुछ वाहनों को छोड़कर भारी वाहनों, मालवाहक तथा यात्री बसों का परिचालन नहीं हुआ। बस स्टैंडों पर चहल-पहल नहीं दिखी और सन्नाटा पसरा रहा। यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। इससे सामानों की किल्लत से भी इनकार नहीं किया जा सकता है। यदि हड़ताल लंबे समय तक खिंच गई तो पेट्रोल,डीजल,रसोई गैस समेत अन्य सामानों एवं वस्तुओं की किल्लत होना स्वाभाविक है।
