सीतामढ़ी/बिहार 22 सितंबर।जिला प्रशासन सीतामढ़ी के सहयोग से जिला परियोजना प्रबंधक जीविका lसीतामढ़ी की अध्यक्षता में सीतामढ़ी के सभी प्रखंडो के एरिया को-ऑर्डिनेटर (AC)और कम्युनिटी को-ऑर्डिनेटर(CC) को आपदा प्रबंधन बाढ़ सहित विभिन्न आपदाओं की तैयारी के विषय पर प्रशिक्षण राम जानकी होटल सीतामढ़ी में आयोजित किया गया । आपदा प्रबंधन पर तकनीकी सहयोग गौरव श्रीवास्तव जिला को-ऑर्डिनेटर बिहार इंटर एजेंसी ग्रूप/यूनिसेफ के द्वारा दिया गया । प्रशिक्षण की शुरुवात परिचाय से किया गया । तत्पश्चात बिहार में होने वाली आपदाओं के बारे में बताया गया । आपदा से पूर्व तैयारी करने में जीविका कर्मियों की क्या भूमिका हैं इस विषय पर पीपीटी के माध्यम से बताया गया । पीपीटी के माध्यम से बताया गया कि किसी भी प्रकार की आपदा में समुदाय ,परिवार ही सर्व प्रथम प्रत्युत्तर देता हैं | आगे की चर्चा में बताया गया की जो भी गाँव या पंचायत बाढ़ से प्रभावित होती हैं और उनकी लिस्ट प्रखंड को सौप दिया जाए तथा ऊंचे जगह का चयन पहले से कर लिया जाए । बाढ़ पूर्व तैयारी में पंचायत स्तर या प्रखंड स्तर पर बैठक कर सभी को उनकी जिम्मेदारी सौप दी जाये | आगे की चर्चा में बताया गया की परिवार के स्तर पर सर्वाइवल किट तैयार कर लिया जाये जिसमे सुखा भोजन , दस्तावेज ,दावा ,लाठी टार्च रस्सी आदि की व्यवस्था पहले से कर ले | आगे की चर्चा में बताया गया की बुजुर्ग की पहचान ,बच्चो की पहचान कर लिया जाये ये वर्ग नाज़ुक वर्ग में आते हैं इसके अलावा गर्भवती महिलाओं की सूची तैयार कर ले ताकि आपदा के दौरान उन पर विशेष निगरानी रखी जा सके । आगे की चर्चा में हैलोजन टेबलेट और ब्लीचिंग पाउडर का उपयोग किस प्रकार करना हैं उस पर वृस्तित रूप से चर्चा किया गया ।बाढ़ के दौरान राहत शिविर में कुपोषित बच्चों पर विशेष निगरानी रखी जानी चाहिए । स्तन पान कराने वाली महिलाओं को सुरक्षित जगह का चयन करना ।आगे की चर्चा में राफ्ट बनाने के विषय पर वृस्तित रूप से बात की गई जिसमे – चारपाई राफ्ट,केले के थम्ब से बना राफ्ट,ट्यूब राफ्ट ,थर्मोकोल राफ्ट ,ड्रम राफ्ट ,बम्बू राफ्ट ,मटका राफ्ट ,बोतल राफ्ट ,बॉल राफ्ट ,नारियल राफ्ट,टिन राफ्ट आदि के विषय पर चर्चा किया गया |प्रशिक्षण को बढ़ाते हुए सर्प दंश के विषय पर चर्चा किया जिसमे विष और विषहिन् सर्प की पहचान करने का तरीका बताया गया और बताया गया की किसी व्यक्ति को अगर विष वाला सांप काट ले तो उसे तुरंत आस्पताल ले जाकर एंटी वेनम की इंजेक्शन लगवाना चाहिए | इसके साथ ही भूकंप से बचने व अपने क्षेत्र में मोकड्रिल करवाने के लिए झुको , ढको और पकड़ो का भी अभ्यास कराया गया| इसके साथ उन्हें कहा गया की वो स्वयं सहायता समूहों में भी आपदा के विषय पर समुदाय को जागरूक करे |प्रशिक्षण की अध्यक्षता जिला परियोजना प्रबंधक जीविका ने किया । प्रशिक्षण में ट्रेनिंग ऑफिसर रजनीकांत जी सभी प्रखंड के एरिया को-ऑर्डिनेटर (AC)और कम्युनिटी को-ऑर्डिनेटर(CC) साथ अन्य जीविका कर्मीयो ने प्रतिभाग किया ।धन्यवाद ज्ञापन से प्रशिक्षण का समापन किया गया ।
