विद्यालय भवनों की सुरक्षा, शैक्षणिक गुणवत्ता और बच्चों की ट्रैकिंग पर विशेष जोर।
आरा/भोजपुर ( डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा)03 सितंबर। भोजपुर के जिला पदाधिकारी मनेश कुमार मीणा की अध्यक्षता में शिक्षा विभाग की जिला स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विद्यालय भवनों की स्थिति, शिक्षण व्यवस्था, विद्यालय निरीक्षण, ऑनलाइन पोर्टल के लंबित कार्य, बच्चों के ड्रॉपआउट पर रोक तथा निर्माणाधीन विद्यालय भवनों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई।बैठक में बताया गया कि जिले में अब तक 45 मरम्मत योग्य विद्यालय भवनों को चिह्नित किया गया है। डीएम ने शेष भवनों का चिन्हीकरण भी अगले दो दिनों के भीतर पूरा करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि जर्जर अथवा असुरक्षित भवनों में किसी भी स्थिति में पठन-पाठन नहीं कराया जाए और बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।कक्षा 9 से 12 तक की शैक्षणिक व्यवस्था को मजबूत करने तथा बोर्ड परीक्षाओं के परिणाम में सुधार के लिए सघन अभियान चलाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि विद्यालयों में लेसन प्लान, बच्चों की नोटबुक, साप्ताहिक टेस्ट और सीखने के स्तर की नियमित समीक्षा होनी चाहिए।डीएम ने कहा कि निरीक्षण का उद्देश्य केवल कमियां निकालना नहीं, बल्कि विद्यालयों की शैक्षणिक व्यवस्था को बेहतर बनाना और बच्चों के सीखने के स्तर में सुधार करना है।
डीएम ने विद्यालयों से संबंधित ऑनलाइन पोर्टल के सभी लंबित कार्यों को दो दिनों के अंदर पूरा करने का निर्देश दिया। वहीं निर्माणाधीन विद्यालय भवनों को अक्टूबर-नवंबर 2026 तक हर हाल में पूरा कराने को कहा गया।उन्होंने विद्यालयों में मेगा स्वच्छता अभियान चलाने के साथ-साथ खेलकूद, संगीत, नृत्य, चेतना सत्र एवं विशेष कक्षाओं जैसी गतिविधियों को नियमित रूप से संचालित करने पर भी जोर दिया।

