प्रखंडवार पेयजलापूर्ति योजनाओं को तय समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश।
भीषण गर्मी को देखते हुए चापाकल एवं सोलर जल मीनारों को शत-प्रतिशत दुरुस्त करने का आदेश।
स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत फाइव स्टार श्रेणी वाले ओडीएफ प्लस गांवों की प्रगति पर विशेष फोकस।
RKTV NEWS/देवघर (झारखंड)05 जून।पेयजल संकट के स्थाई समाधान और ग्रामीण स्वच्छता को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से आज समाहरणालय स्थित सभागार में उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी सौरभ कुमार भुवानिया की अध्यक्षता में पेयजल एवं स्वच्छता विभाग की एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। बैठक के दौरान उपायुक्त ने जिले में संचालित विभिन्न विकासात्मक एवं जन-कल्याणकारी योजनाओं की प्रखंडवार गहन समीक्षा की और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
इसके अलावा बैठक के दौरान उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया ने जिले के सभी प्रखंडों में चल रही वृहद एवं लघु पेयजलापूर्ति योजनाओं की भौतिक एवं वित्तीय प्रगति की बारीकी से जांच की। साथ ही उन्होंने कार्य में ढिलाई बरतने वाली एजेंसियों और संबंधित अभियंताओं को स्पष्ट शब्दों में कहा कि शेष बचे हुए सभी अधूरे कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता के आधार पर जल्द से जल्द पूरा करें। आगे उन्होंने कार्य में गुणवत्ता से बिना किसी समझौते के हर घर तक नल से जल पहुंचाने के लक्ष्य को समय पर पूरा करने की बात कही। इसके अतिरिक्त बैठक में स्वच्छ भारत मिशन के तहत ग्रामीण स्वच्छता की प्रगति का भी मूल्यांकन किया गया। साथ ही फाइव स्टार रेटिंग के तहत जिन गांवों को ओडीएफ प्लस (ODF Plus) घोषित किया जाना है, उनके निर्धारित लक्ष्यों की बिंदुवार समीक्षा की गई। आगे उपायुक्त ने गांवों को पूरी तरह कचरा मुक्त और आदर्श बनाने के लिए अपशिष्ट प्रबंधन प्रणालियों को और अधिक सक्रिय करने का निर्देश दिया। इसके अलावा बढ़ती गर्मी और संभावित जल संकट से निपटने के लिए उपायुक्त श्री सौरभ कुमार भुवानिया ने जिले के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में जितने भी चापाकल वर्तमान में खराब या आंशिक रूप से बंद पड़े हैं, उन्हें विशेष अभियान चलाकर तुरंत मरम्मत करने का निर्देश दिया। साथ ही प्रखंड स्तर पर स्थापित सोलर जल मीनारों की त्वरित जांच कर यह सुनिश्चित करने को कहा गया कि वे शत-प्रतिशत क्रियाशील रहें, ताकि ग्रामीणों को निर्बाध पेयजल मिल सके।
उपायुक्त ने कार्यपालक अभियंता को दिए आवश्यक दिशा निर्देश
उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया ने समीक्षा बैठक के अंत में स्पष्ट रूप से कहा कि पेयजल एक अत्यंत संवेदनशील और बुनियादी आवश्यकता है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही या कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी संबंधित अधिकारी और कनीय अभियंता नियमित रूप से फील्ड विजिट करें तथा आम जनता की पेयजल संबंधी समस्याओं का स्थानीय स्तर पर त्वरित निवारण सुनिश्चित करें। बैठक में उप विकास आयुक्त पीयूष सिन्हा, जिला पंचायती राज पदाधिकारी, देवघर व मधुपुर के पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के कार्यपालक अभियंता, सहायक अभियंता, सहायक जनसंपर्क पदाधिकारी, सभी प्रखंडों के कनीय अभियंता एवं जिला समन्वयक मुख्य रूप से उपस्थित थे।

