
RKTV NEWS/मुजफ्फरपुर(बिहार)25 अक्टूबर।आगामी 6 नवंबर, 2025 को जिले में होने वाले मतदान की तैयारियां जोरों पर है। चुनाव आयोग द्वारा शत प्रतिशत मतदान करने, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण चुनाव सुनिश्चित करने के लिए जिला निर्वाचन पदाधिकारी-सह-जिलाधिकारी की देखरेख में जिले के सभी पंचायतों में मतदाताओं को जागरूक करने के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार किए जा रहे हैं एवं लोगों को 6 नवंबर के दिन सारे काम छोड़कर सबसे पहले अपना मतदान करने हेतु प्रेरित किया जा रहा है।
मुजफ्फरपुर में प्रथम चरण में 6 नवम्बर को ही चुनाव होना हैं। लिहाजा सभी मतदाताओं को मतदान के लिए प्रेरित और जागरूक करने का अभियान जारी है।
मतदाता जागरूकता अभियान (स्वीप) की कमान जीविका दीदियों ने भी संभाल रखी है और अपनी सक्रीय भागीदारी दे रही हैं। जिले के सभी पंचायतों में सामुदायिक संगठनों के माध्यम से जीविका दीदियां आगामी विधानसभा चुनाव में शत-प्रतिशत मतदान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से मतदाताओं को जागरूक कर रही हैं। स्वीप गतिविधियों के तहत जीविका दीदियां विभिन्न रचनात्मक माध्यमों यथा प्रभात फेरी, सामुदायिक शपथ, जागरूकता रैली, मेंहदी प्रतियोगिता, संध्या चौपाल, कैंडल मार्च, रंगोली निर्माण और समूहों की नियमित एवं विशेष बैठकों में मतदाताओं को मतदान के महत्व से अवगत करा रही हैं।
हर दिन जिले में जिला कार्यालय, जीविका द्वारा उपलब्ध कराई गई कार्य योजना और जिला प्रशासन द्वारा मिले निर्देश के आधार पर मतदाता जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी श्रृंखला में शुक्रवार को जिला परियोजना प्रबंधक अनीशा और जिला कला एवं संस्कृति पदाधिकारी सुष्मिता झा के नेतृत्व में बोचाहाँ और साहेबगंज में भी जीविका दीदियों द्वारा मतदान के लिए जन जागरूकता अभियान चलाया गया. जिसमें रंगोली के साथ-साथ दीदियों को शपथ भी दिलाई गई.वहीं दीदियों ने भी मतदान करने का संकल्प दोहराया और आगामी 6 नवंबर को मतदान करने के प्रति अपनी उत्सुकता जाहिर की. इसके साथ सभी प्रखंडों में जीविका के सामुदायिक संगठनों द्वारा मतदाता जागरूकता अभियान जारी रहा।
जिले के सभी पंचायतों एवं सभी गाँवों में जीविका कैडर और जीविका कर्मियों के सहयोग से ग्राम संगठन से जुडी दीदियों ने अपने-अपने गांव में रैली निकालकर “पहले मतदान, फिर जलपान” जैसे नारों के माध्यम से लोगों को प्रेरित किया। “वोट डालने जाना है, अपना फर्ज निभाना है, छोड़ के घर के सारे काम, पहले जाकर करें मतदान, मेरा वोट मेरा अधिकार” जैसे नारों से गाँव की गलियों में लोकतंत्र के इस पर्व में सबकी सहभागिता देखी जा रही है।
