
आरा/भोजपुर (डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा)13 सितंबर। शुक्रवार को जिलाधिकारी भोजपुर तनय सुल्तानिया के निर्देशानुसार जिला बाल संरक्षण इकाई द्वारा पुलिस अधीक्षक कार्यालय सभागार में एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य जिले के सभी बाल कल्याण पुलिस पदाधिकारियों को किशोर न्याय अधिनियम, किशोर न्याय नियमावली, पॉक्सो अधिनियम की महत्वपूर्ण धाराओं, नियमों एवं नवीन प्रावधानों से अवगत कराना था। कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन पुलिस अधीक्षक भोजपुर, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकार, प्रधान दण्डाधिकारी किशोर न्याय परिषद् तथा सहायक निदेशक जिला बाल संरक्षण इकाई द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलन कर किया गया।इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक भोजपुर ने प्रशिक्षुओं को संबोधित करते हुए बच्चों से संबंधित मामलों के निष्पादन में संवेदनशीलता अपनाने पर बल दिया। विशेष अतिथि गौतम कुमार, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकार भोजपुर ने बाल कल्याण पुलिस पदाधिकारियों को वाद की प्रकृति के अनुरूप सन्हा/प्राथमिकी दर्ज करने तथा समय-सीमा के भीतर प्रतिवेदन प्रस्तुत करने की आवश्यकता पर प्रकाश डाला।कार्यक्रम में उपस्थित प्रधान दण्डाधिकारी, किशोर न्याय परिषद् भोजपुर शिखा शर्मा ने प्रशिक्षुओं को समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण एस.बी.आर. तैयार कर अंतिम प्रतिवेदन प्रस्तुत करने संबंधी आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए।
इस अवसर पर यूनिसेफ से आए रिसोर्स पर्सन शाहिद जावेद, सैफुर्र रहमान एवं मिरेकल फाउन्डेशन इंडिया के दीपक कुमार, बाल संरक्षण पदाधिकारी रविशंकर वर्मा, शक्ति कुमार भास्कर, सुनीता सिंह (सचिव, संस्था दिशा एक प्रयास), जिला बाल संरक्षण इकाई एवं चाइल्ड हेल्पलाइन के कर्मियों के साथ-साथ विभिन्न थानों के बाल कल्याण पुलिस पदाधिकारी उपस्थित रहे।
