आरा/भोजपुर (डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा) 25 मई। शादी विवाह के शुभ अवसर पर जो महिलाएं अपने कटे हुए कान या बड़ी छेद होने की वजह से कान में झुमका व अन्य गहने नहीं पहन सकती है उनके लिए सुलभ सरल व्यवस्था की गई है।जर्मन टेक्नोलॉजी से कटे कान अथवा बड़ी छिद्र को नई तकनीक द्वारा बिना ऑपरेशन ,बिना टांका, बिना दर्द के कान को ठीक किया जा रहा है। जो पहले जैसा ठीक हो जाता है। इसकी जानकारी देते हुए लल्लू साह एंड संस ज्वेलर्स ,जेल रोड आरा के व्यवसाई और समाजसेवी दीपक अकेला ने बताया कि यह एक जर्मन तकनीक से बना दवा है ,जो कान के बढ़े छिद्र या कट जाने से स्थान बन जाता है उसे भरकर ठीक कर दिया जाता है ।जो हमेशा के लिए ठीक हो जाता है।इसमें किसी प्रकार का कोई परेशानी नहीं होता है न परहेज।अब तक हजारों महिलाओं इस उन्नत तकनीक से लाभ उठा चुकी है। जरूरतमंद महिलाएं आकर, मिलकर, देख कर, सम्पूर्ण जानकारी कर सकती है।

