
RKTV NEWS/पटना(बिहार)24 जून।आज सम्पन्न मंत्रिपरिषद् की बैठक में विभिन्न एजेंडों पर निर्णय लिये गये। इस सन्दर्भ में मंत्रिपरिषद् की बैठक के बाद मंत्रिमंडल सचिवालय विभाग के अपर मुख्य सचिव, डॉ० एस० सिद्धार्थ ने सूचना भवन के प्रथम तल स्थित सभा कक्ष में प्रेस को संबोधित करते हुए बताया कि समाज कल्याण विभाग के अन्तर्गत राज्य सरकार द्वारा संचालित बिहार निःशक्तता पेंशन योजना अन्तर्गत वर्त्तमान में पात्र लाभुकों को दी जा रही पेंशन की राशि माह जुलाई, 2025 से रू० 400/- (चार सौ) प्रतिमाह से बढ़ाकर रू० 1100/- (ग्यारह सौ) प्रतिमाह करने एवं इसके निमित्त कुल रू० 810,82,59,600/- (आठ सौ दस करोड़ बेरासी लाख उनसठ हजार छः सौ) के अतिरिक्त वार्षिक व्यय किये जाने की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत राज्य सरकार द्वारा क्रियान्वित इन्दिरा गाँधी राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना अन्तर्गत वर्त्तमान में पात्र लाभुकों को दी जा रही पेंशन की राशि माह जुलाई, 2025 से रू० 400/- (चार सौ रूपये) एवं रू० 500/- (पाँच सौ) को बढ़ाकर रू० 1100/-(ग्यारह सौ) प्रतिमाह करने एवं इसके निमित कुल रू० 28,84,63,14,000/- (दो हजार आठ सौ चौरासी करोड़ तिरसठ लाख चौदह हजार) के अतिरिक्त वार्षिक व्यय का वहन राज्यांश एवं राज्य योजना मद से किये जाने की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत राज्य सरकार द्वारा संचालित लक्ष्मीबाई सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना अन्तर्गत वर्त्तमान में पात्र लाभुकों को दी जा रही पेंशन की राशि माह जुलाई, 2025 से रू० 400/- (चार सौ) प्रतिमाह से बढ़ाकर रू० 1100/- (ग्यारह सौ) प्रतिमाह करने एवं इसके निमित कुल रू० 726,53,44,800/- (सात सौ छब्बीस करोड़ तिरपन लाख चौवालीस हजार आठ सौ) के अतिरिक्त वार्षिक व्यय की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत राज्य सरकार द्वारा क्रियान्वित इन्दिरा गाँधी राष्ट्रीय निःशक्तता पेंशन योजना अन्तर्गत वर्त्तमान में पात्र लाभुकों को दी जा रही पेंशन की राशि माह जुलाई, 2025 से रू० 400/- (चार सौ) को बढ़ाकर रू० 1100/- (ग्यारह सौ) प्रतिमाह करने एवं इसके निमित कुल रु० 106,76,40,000/- (एक सौ छः करोड़ छिहत्तर लाख चालीस हजार) के अतिरिक्त वार्षिक व्यय का वहन राज्यांश / राज्य योजना मद से किये जाने की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत राज्य सरकार द्वारा संचालित मुख्यमंत्री वृद्धजन पेंशन योजना अन्तर्गत वर्त्तमान में पात्र लाभुकों को दी जा रही पेंशन की राशि माह जुलाई, 2025 से रू० 400/- (चार सौ) एवं रू० 500/- (पाँच सौ) को बढ़ाकर रू० 1100/- (ग्यारह सौ) प्रतिमाह करने एवं इसके निमित कुल रू० 4156,57,62,000/- (चार हजार एक सौ छप्पन करोड़ सत्तावन लाख बासठ हजार) के अतिरिक्त वार्षिक व्यय किये जाने की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत राज्य सरकार द्वारा क्रियान्वित इन्दिरा गाँधी राष्ट्रीय विधवा पेंशन योजना अन्तर्गत वर्त्तमान में पात्र लाभुकों को दी जा रही पेंशन की राशि माह जुलाई, 2025 से रू० 400/- (चार सौ) को बढ़ाकर रू० 1100/- (ग्यारह सौ) प्रतिमाह करने एवं इसके निमितकुल रू० 533,47,64,400/- (पाँच सौ तैंतीस करोड़ सैंतालीस लाख चौंसठ हजार चार सौ) के अतिरिक्त वार्षिक व्यय का वहन राज्यांश / राज्य योजना मद से किये जाने की स्वीकृति दी गई।
पंचायती राज विभाग के अन्तर्गत “मुख्यमंत्री कन्या विवाह मंडप योजना’ की स्वीकृति एवं इस योजना अंतर्गत कुल ₹40,26,50,00,000.00 (चालीस अरब छब्बीस करोड़ पचास लाख रूपये) मात्र की लागत से राज्य के सभी 8053 ग्राम पंचायतों में चरणबद्ध तरीके से विवाह मंडप निर्माण की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत त्रिस्तरीय पंचायत राज संस्थाओं एवं ग्राम कचहरी के निर्वाचित प्रतिनिधियों को निर्वाचित घोषित होने की तिथि से पद पर बने रहने तक के दौरान हुई मृत्यु की स्थिति में देय अनुग्रह अनुदान ₹5,00,000.00 (पाँच लाख रूपये) मात्र की राशि की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत त्रिस्तरीय पंचायती राज संस्थाओं एवं ग्राम कचहरी के जनप्रतिनिधियों को पूर्व से देय नियत (मासिक) भत्ता में दिनांक-01.07.2025 के प्रभाव से वृद्धि किये जाने एवं इस निमित्त कुल ₹5,48,62,12,800.00 (पाँच अरब अड़तालीस करोड़ बासठ लाख बारह हजार आठ सौ रूपये) प्रतिवर्ष व्यय किये जाने की स्वीकृति दी गई।
ग्रामीण विकास विभाग के अन्तर्गत महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजनाओं के कार्यान्वयन हेतु तकनीकी एवं प्रशासनिक स्वीकृति की शक्ति के प्रत्यायोजन के संबंध में स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत राज्य के सभी प्रखंड-सह-अंचल कार्यालय, अनुमंडल कार्यालय एवं जिला स्तर पर समाहरणालय में राज्य सरकार के स्तर से जीविका दीदी की रसोई के संचालन हेतु आवश्यक आधारभूत संरचना प्रदान किए जाने की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत राज्य में बिहार ग्रामीण जीविकोपार्जन प्रोत्साहन समिति (जीविका) सम्पोषित सामुदायिक संगठनों के सामुदायिक संगठन कार्यकर्ता, सामुदायिक सेवा प्रदाता एवं सामुदायिक संसाधन सेवी के मानदेय को दोगुना किये जाने एवं इस हेतु अतिरिक्त व्यय भार प्रति वर्ष राशि रू० 735 करोड़ (सात सौ पैंतीस करोड़ रूपए) को राज्य योजना पर भारित किए जाने की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत बिहार ग्रामीण जीविकोपार्जन प्रोत्साहन समिति (जीविका) द्वारा संपोषित स्वयं सहायता समूह को 3 लाख रूपए से अधिक एवं 10 लाख रूपए की अधिसीमा तक की बैंक ऋण राशि को 7% की ब्याज दर पर उपलब्ध कराने हेतु अतिरिक्त ब्याज की राशि की प्रतिपूर्ति राज्य सरकार द्वारा किये जाने की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत बिहार राज्य अन्तर्गत आर्थिक रूप से गरीब परिवारों की महिलाओं को उद्यमी के रूप में स्थापित करने की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण अंतर्गत पात्र परिवारों को आवास का लाभ देने हेतु परिवार शब्द को परिभाषित करने की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत वित्तीय वर्ष 2025-26 में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के क्रियान्वयन हेतु ग्रामीण विकास विभाग की मॉग संख्या 42 अंतर्गत कुल 23331.00 लाख (दो अरब तैतीस करोड़ इकतीस लाख) रूपये की राशि की बिहार राज्य आकस्मिकता निधि से अग्रिम की स्वीकृति दी गई।
परिवहन विभाग के अन्तर्गत अन्तर्राज्यीय मार्गो पर बसों के संचालन हेतु 68.00 लाख (अड़सठ लाख) रूपये की अनुमानित दर से 74 Non AC (2×2 Push Back) बसों के क्रय हेतु बिहार राज्य पथ परिवहन निगम को 50.32 करोड़ (पचास करोड़ बत्तीस लाख) रूपये सहायक अनुदान के रूप में उपलब्ध कराये जाने की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत अन्तर्राज्यीय मार्गों पर बसों के संचालन हेतु 74.00 लाख (चौहत्तर लाख) रूपये की अनुमानित दर से 75 AC बसों के क्रय हेतु बिहार राज्य पथ परिवहन निगम को 55.50 करोड़ (पचपन करोड़ पचास लाख) रूपये सहायक अनुदान के रूप में उपलब्ध कराये जाने की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत अन्तर्राज्यीय मार्गों पर बसों के संचालन हेतु लोक निजी भागीदारी (पी०पी०पी०) अंतर्गत निजी बस ऑपरेटरों को नई ए०सी० बस के खरीद पर प्रोत्साहन राशि के रूप में 20.00 लाख (बीस लाख) रूपये प्रति बस की दर से 150 बसों के लिए कुल 30.00 करोड़ (तीस करोड़) एवं योजना के सुचारू रूप से संचालन हेतु आकस्मिकता मद में योजना लागत का 02% अर्थात 60.00 लाख (साठ लाख) रूपये सहित कुल 30.60 करोड़ (तीस करोड़ साठ लाख) रूपये व्यय हेतु स्वीकृति दी गई।
स्वास्थ्य विभाग के अन्तर्गत वित्तीय वर्ष 2025-26 से राज्य के सभी सरकारी चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पतालों में बाह्य रोगियों एवं उनके परिजनों/परिचर को जीविका द्वारा सम्पोषित “दीदी की रसोई” द्वारा संचालित कँटीन के माध्यम से प्रति थाली रू० 20/- की दर से सब्सिडी युक्त सस्ती थाली की व्यवस्था प्रारंभ करने की स्वीकृति दी गई।
नगर विकास एवं आवास विभाग के अन्तर्गत आत्मनिर्भर बिहार के सात निश्चय-2 के तहत स्टार्म वाटर ड्रेनेज योजनान्तर्गत पटना शहर के सैदपुर नाला के जीर्णोद्धार हेतु सेंटेज सहित प्रशासनिक स्वीकृति की राशि ₹25981.00 लाख (दो सौ उन्सठ करोड़ एकासी लाख रू०) मात्र के पुनरीक्षित तकनीकी अनुमोदित राशि ₹33136..00 लाख (तीन सौ एकतीस करोड़ छत्तीस लाख रू०) मात्र पर प्रशासनिक स्वीकृति एवं पुनरीक्षण के पश्चात् बढ़ी हुई राशि ₹7155.00 लाख (एकहत्तर करोड़ पचपन लाख रू०) मात्र का राज्य योजना मद से व्यय की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत दीनदयाल अन्त्योदय योजना राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन अन्तर्गत आश्रयविहिनों हेतु आश्रयस्थल (शेल्टर फॉर अर्बन होमलेस) घटक की मार्गदर्शिका के अनुसार वित्तीय वर्ष 2024-25 से वित्तीय वर्ष 2029-30 तक कुल देय राशि रू० 31,08,48,300. 00 (रूपये इकतीस करोड़ आठ लाख अड़तालीस हजार तीन सौ मात्र) का व्यय राज्य योजना मद से किये जाने की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत नगर विकास एवं आवास विभाग की अधिसूचना सं०-859 दिनांक-26.03.2 द्वारा अधिगृहित दूरसंचार विभाग, भारत सरकार के दूरसंचार (मार्ग के अधिकार) नियम, 2024 दिनांक 17.09.2024 के प्रावधानों के आलोक में सरकारी सम्पत्तियों केउपयोग की अनुमति हेतु विभिन्न विभागों / स्थानीय प्राधिकार को नामित करने की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत केन्द्र प्रायोजित अटल नवीकरण और शहरी परिवर्तन मिशन (अमृत 2.0) अंतर्गत जहानाबाद जलापूर्ति परियोजना हेतु लागत राशि रू० 32,43,97,000/- (बत्तीस करोड़ तैंतालीस लाख सत्तानवे हजार रू०) की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई।
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के अन्तर्गत जमुई जिलान्तर्गत बरनार जलाशय परियोजना में क्षतिपूरक वनीकरण हेतु चिन्हित अंचल सोनों, मौजा-पहाड़पुर, थाना सं०-22/62, खाता सं०-61 के विभिन्न खेसरा की कुल प्रस्तावित रकबा 26.61 एकड़ (भूमि विवरणी परिशिष्ट-1) भूमि बरनार जलाशय परियोजना में प्रयुक्त होने वाले वन भूमि के अपयोजन हेतु पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग, बिहार, पटना को निःशुल्क अन्तर्विभागीय स्थायी हस्तान्तरण की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत जमुई जिलान्तर्गत बरनार जलाशय परियोजना में क्षतिपूरक वनीकरण हेतु चिन्हित अंचल सोनो, मौजा-मुड़माला, थाना सं०-22/112, खाता सं०-334 के खेसरा सं०-1339 एवं 1344 के रकबा क्रमशः 11.27 एकड़ एवं 32.13 एकड़ कुल प्रस्तावित रकबा-43.40 एकड़ भूमि बरनार जलाशय परियोजना में प्रयुक्त होने वाले वन भूमि के अपयोजन हेतु पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग, बिहार, पटना को निःशुल्क अन्तर्विभागीय स्थायी हस्तान्तरण की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत पश्चिम चम्पारण जिलान्तर्गत अंचल मधुबनी के मौजा-तौलाहा, थाना सं०-263, खाता सं०-03, खेसरा सं०-7289, रकबा 2.30 एकड़ एवं मौजा-पकड़ीहवा, थाना सं०-264, खाता सं०-112 के खेसरा सं०-595, 711, रकबा 4.51 एकड़ कुल प्रस्तावित रकबा-6.81 एकड़ गैरमजरूआ मालिक, किस्म परती कदीम भूमि (भूमि विवरणी संलग्न, परिशिष्ट-1) पर पोलिटेकनिक कॉलेज की स्थापना हेतु विज्ञान, प्रावैधिकी एवं तकनीकी शिक्षा विभाग, बिहार, पटना को निःशुल्क अन्तर्विभागीय स्थायी हस्तान्तरण की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत बाँका जिलान्तर्गत अंचल बाँका, मौजा-नगरपालिका, वार्ड सं०-08, खाता सं०-453, खेसरा सं०-620 की कुल प्रस्तावित रकबा 10 डी० गैरमजरूआ खास किस्म परती भूमि पर SIB के क्षेत्रीय ईकाई आई०बी० पोस्ट के निर्माण हेतु सशुल्क आधार पर कुल राशि-37,50,000/- (सैंतीस लाख पचास हजार) रूपये के भुगतान पर गृह मंत्रालय, भारत सरकार को स्थायी हस्तान्तरण की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत पूर्णियाँ जिलान्तर्गत अंचल पूर्णियाँ पूर्व के मौजा-बरसौनी, थाना सं०-92 के विभिन्न खाता एवं खेसरा के कुल प्रस्तावित रकबा 7.12 एकड़ (भूमि विवरणी संलग्न, परिशिष्ट-1) जल संसाधन विभाग, बिहार, पटना की भूमि पर अन्तर्राज्यीय बस अड्डा के निर्माण हेतु नगर विकास एवं आवास विभाग, बिहार, पटना को निःशुल्क अन्तर्विभागीय हस्तान्तरण की स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत मुजफ्फरपुर जिलान्तर्गत “बाबा खगेश्वरनाथ महादेव मंदिर परिसर में आयोजित मेला’ को बिहार राज्य मेला प्राधिकार के प्रबंधन के अन्तर्गत सम्मिलित करने के संबंध में स्वीकृति दी गई।
खेल विभाग के अन्तर्गत “राज्य खेल अकादमी एवं अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम, राजगीर लिपिकीय संवर्ग (भर्ती एवं सेवा शर्तें) नियमावली, 2025” के संबंध में स्वीकृति दी गई।
पथ निर्माण विभाग के अन्तर्गत हाइब्रिड एन्युटी मॉडल (HAM) के परियोजनाओं के लिए सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के Model Concession Agreement for हाइब्रिड एन्युटी मॉडल (HAM) को बिहार सरकार की महत्त्वपूर्ण परियोजनाओं में अंगीकार करने की स्वीकृति प्रदान कर दीघा-शेरपुर- बिहटा कोईलवर (कोईलवर पुल के पहुँच पथ) तक योजना को EPC से परिवर्तित कर 35.65 कि०मी० लम्बाई में जे०पी० गंगा पथ परियोजना की स्वीकृति HAM Model पर प्रदान करने के संबंध में स्वीकृति दी गई।
वाणिज्य कर विभाग के अन्तर्गत माल और सेवा कर अधिनियम, 2017 तथा बिहार वैट अधिनियम, 2005 के अधीन निबंधित एवं सर्वाधिक कर देने वाले करदाताओं / व्यवसायियों को “भामाशाह सम्मान” से सम्मानित किये जाने संबंधी प्रारूप पर स्वीकृति प्रदान करने के संबंध में स्वीकृति दी गई।
विधि विभाग के अन्तर्गत कैमूर (भभुआ) न्यायमंडल अंतर्गत मोहनियाँ अनुमंडल में अनुमंडलीय व्यवहार न्यायालय कम्पलेक्स एवं आवासीय क्वार्टर के निर्माण हेतु प्रस्तावित 06 एकड़ रैयती भूमि के अर्जन के लिए प्राक्कलित राशि रू० 39,83,04,050/- (उनचालीस करोड़ तेरासी लाख चार हजार पचास) रूपये के व्यय हेतु प्रशासनिक स्वीकृति दी गई।
ऊर्जा विभाग के अन्तर्गत पूर्ववर्ती बिहार राज्य विद्युत बोर्ड के पदाधिकारियों एवं कर्मचारियों का दिनांक 31.10.2012 तक की अवधि में अनफण्डेड टर्मिनल बेनिफिट दायित्व के विरूद्ध वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए उपबंधित राशि 757.63 करोड़ (सात सौ संतावन करोड़ तिरसठ लाख) रूपये बिहार स्टेट पावर (होल्डिंग) कम्पनी लिमिटेड को तीन किश्तों में उपलब्ध कराने की स्वीकृति दी गई।
विज्ञान, प्रावैधिकी एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के अन्तर्गत विज्ञान, प्रावैधिकी एवं तकनीकी शिक्षा विभाग अन्तर्गत अरवल जिला में संचालित राजकीय अभियंत्रण महाविद्यालय, अरवल के परिसर में अतिरिक्त 300 बेड का एक बालक छात्रावास (G + 5) एवं 200 बेड का एक बालिका छात्रावास (G + 3) के निर्माण कार्य हेतु कुल रू० 3598.04 लाख (पैंतीस करोड़ अनठानवे लाख चार हजार रूपये) मात्र की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत रोहतास जिला में संचालित शेरशाह अभियंत्रण महाविद्यालय, सासाराम के परिसर में अतिरिक्त 300 बेड का एक बालक छात्रावास (G + 5) एवं 200 बेड का एक बालिका छात्रावास (G + 3) के निर्माण कार्य हेतु कुल रू० 4180.70 लाख (इकतालीस करोड़ अस्सी लाख सत्तर हजार रूपये) मात्र की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत जहानाबाद जिला में संचालित राजकीय अभियंत्रण महाविद्यालय, जहानाबाद के परिसर में अतिरिक्त 300 बेड का एक बालक छात्रावास (G + 5) एवं 200 बेड का एक बालिका छात्रावास (G + 3) के निर्माण कार्य हेतु कुल रू० 4242.74 लाख (बयालीस करोड़ बयालीस लाख चौहत्तर हजार रूपये) मात्र की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत विभाग के अधीन पश्चिम चम्पारण (बेतिया) जिलान्तर्गत बगहा अनुमंडल के मधुबनी अंचल में राजकीय पोलिटेकनिक, बगहा (पश्चिम चम्पारण) की स्थापना की स्वीकृति तथा उक्त संस्थान के लिए आंतरिक एवं बाह्य विद्युतीकरण, जलापूर्ति, स्वच्छता अधिष्ठापन, परिसर विकास सहित विभिन्न कोटि के भवनों यथा प्रशासनिक भवन (G + 3) 200 (दो सौ) शय्या का एक बालक छात्रावास (G + 3) 100 (एक सौ) शय्या का एक बालिका छात्रावास (G + 3) प्राचार्य-सह- व्याख्याता क्वार्टर (G + 3) तकनीकी सपोर्ट स्टाफ क्वार्टर (G + 3) सपोर्टिंग स्टाफ कर्मी-IV क्वार्टर (G + 2) वर्कशॉप (G), एमिनिटी भवन (G+1) इत्यादि के निर्माण कार्य हेतु कुल रू० 7304.10 लाख (तेहत्तर करोड़ चार लाख दस हजार रूपये) मात्र की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत सात निश्चय कार्यक्रम के अन्तर्गत विज्ञान, प्रावैधिकी एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के अधीन स्थापित एवं संचालित राजकीय पोलिटेकनिक, सहरसा के परिसर में अतिरिक्त भवनों 300 (तीन सौ) शय्या का एक बालक छात्रावास (G + 5) एवं 300 (तीन सौ) शय्या का एक बालिका छात्रावास (G + 5) के निर्माण कार्य के लिए कुल राशि रू० 4623.59 लाख (छियालीस करोड़ तेईस लाख उनसठ हजार रूपये) मात्र की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत विभाग अन्तर्गत मुजफ्फरपुर जिला में संचालित मुजफ्फरपुर इंस्टीच्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, मुजफ्फरपुर के परिसर में प्रस्तावित अतिरिक्त भवनों यथा-शिक्षकों के लिए टाईप-सी आवासीय भवन (20 यूनिट), 300 बेड बालिका छात्रावास (G + 5) एवं 200 बेड बालक छात्रावास (G + 3) के निर्माण कार्य हेतु कुल रू० 4245.80 लाख (बयालीस करोड़ पैंतालीस लाख अस्सी हजार रूपये) मात्र की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत केन्द्र सरकार के संस्कृति मंत्रालय की योजना “Scheme for Promotion of Culture and Science (SPOCS)” के अन्तर्गत केन्द्रीय सहायता से राज्य के तीन जिलों यथा पूर्वी चम्पारण, जमुई एवं पूर्णियाँ में डिजिटल तारामंडल / स्पेस एण्ड एस्ट्रोनोमी एडुकेशन सेंटर की स्थापनार्थ कुल अनुमानित व्यय रू० 39.00 करोड़ (उनचालीस करोड़ रूपये) मात्र की प्रशासनिक स्वीकृति, उक्त स्वीकृत राशि में से रू० 22.20 करोड़ (बाईस करोड़ बीस लाख रूपये) मात्र का वहन राज्य सरकार द्वारा किये जाने की स्वीकृति तथा उक्त योजना के कार्यान्वयन हेतु केन्द्र सरकार के संस्कृति मंत्रालय के उपक्रम National Council of Science Museums (NCSM) को कार्यान्वयन एजेन्सी मनोनीत करने के संबंध में स्वीकृति दी गई।
निर्वाचन विभाग के अन्तर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली के पत्रांक-23/ECI/ERS-3/2025 दिनांक-22.04.2025 एवं पत्रांक- 23/BLO/2018-ERS दिनांक-04.05.2018 के आलोक में राज्य के सभी विधान सभा क्षेत्रों के अधीन निर्वाचक सूची कार्य के सत्त पर्यवेक्षण हेतु 8245 बी०एल०ओ० सुपरवाईजर की नियुक्ति के फलस्वरूप उनके वार्षिक मानदेय की राशि ₹12,000.00 एवं संक्षिप्त पुनरीक्षण के क्रम में हाउसहोल्ड विजिट के लिये ₹3,000.00 रूपये वार्षिक अर्थात् कुल ₹15,000.00 रूपये प्रति बी०एल०ओ० सुपरवाईजर की दर से प्रत्येक वर्ष कुल ₹12,36,75,000/- (बारह करोड़ छत्तीस लाख पचहत्तर हजार) रूपये मात्र व्यय की स्वीकृति दी गई।
ग्रामीण कार्य विभाग के अन्तर्गत “मुख्यमंत्री ग्रामीण सेतु योजना’ के तहत अररिया जिला के कार्य प्रमंडल-अररिया अंतर्गत सिकटी प्रखण्ड के पुल “पंचायत कुर्साकाटा (थेगापूर पंचायत सिकटी प्रखंड) अंतर्गत चौक रोड 18 मील चौक से टिरा गाँव जानेवाली सड़क से बकरा नदी में उच्चस्तरीय पुल का निर्माण कार्य” पुल की लम्बाई 536.640 मी० की कुल प्राक्कलित राशि रू०63.31267 करोड़ रूपये (तिरेसठ करोड़ इकतीस लाख छब्बीस हजार सात सौ रूपये) मात्र पर प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान किये जाने के संबंध में स्वीकृति दी गई।
इसी विभाग के तहत “मुख्यमंत्री ग्रामीण सड़क उन्नयन योजना’ के तहत ग्रामीण सड़क सुदृढ़ीकरण एवं प्रबंधन कार्यक्रम के सामान्य एवं अनुसूचित जाति घटक के अधीन राज्य के सभी 38 जिला अन्तर्गत कुल 4079 पथों, लम्बाई-6484.560 कि०मी० के पुनर्निर्माण/उन्नयन / नवीनीकरण तथा संचालन एवं प्रबंधन कार्य (कुल 07 वर्ष की अवधि) की कुल राशि रू० 5627.08673 करोड़ रूपये (पाँच हजार छः सौ सत्ताईस करोड़ आठ लाख सड़सठ हजार तीन सौ रूपये) मात्र पर प्रशासनिक अनुमोदन प्रदान किये जाने के संबंध में स्वीकृति दी गई।
जल संसाधन विभाग के अन्तर्गत कोसी मेची अंतःराज्यीय लिंक परियोजना कार्य, जिसकी प्राक्कलित राशि रूपया 6282.32 करोड़ (बासठ सौ बेरासी करोड़ बत्तीस लाख रूपये) मात्र की प्रशासनिक एवं व्यय की स्वीकृति दी गई।
