
RKTV NEWS/आरा (भोजपुर)04 फ़रवरी।लोकसभा के बजट सत्र के दौरान सांसद सुदामा प्रसाद ने शुन्य काल के दौरान प्रश्न डाला कि बिहार के युवा बड़े पैमाने पर बेरोजगारी का सामना कर रहें है और राज्य में नौकरी के अवसर दिन-ब-दिन कम होते जा रहे हैं जिससे बड़े पैमाने पर पलायन हो रहा है। अनुमान के अनुसार भी बिहार में लगभग 33 लाख से 43 लाख बेरोजगार युवा हैं। बिहार में प्रति सालाना व्यक्ति आय 60,337 रुपए है!सभी भारतीय राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में बिहार अंतिम स्थान पर है!बिहार सरकार द्वारा आयोजित 2022 सामाजिक आर्थिक और जाति जनगणना में कहा गया कि लगभग 34.13% परिवार प्रति माह 6 हजार रुपया से कम कमाते हैं जबकि केवल 4% प्रति माह 50 हजार रुपए से अधिक कमाते हैं!बिहार में पिछड़े लोगों की एक बड़ी आबादी है,जिसमें लगभग 63% आबादी इबीसी और ओबीसी है,19.65% एससी और 1.9% एसटी है!मैं मांग करता हूं की आर्थिक सामाजिक व शैक्षणिक रूप से अत्यंत पिछडे बिहार को समग्र विकास के लिए बिहार को विशेष राज्य का दर्जा दिया जाए !
यह जानकारी भाकपा-माले जिला कार्यालय सचिव दिलराज प्रीतम ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर पत्रकारों को दी।
