नए टाइमटेबल में इंदौर, राजधानी का ठहराव नहीं होने से आक्रोश।
RKTV NEWS/आरा (भोजपुर)31 दिसंबर।गाड़ी संख्या 03319/20 राजेंद्र नगर पटना स्पेशल और 03349/50 पटना आरा के स्पेशल फेरो में 31.01.2024 तक विस्तार किया गया है। गाड़ी संख्या 03319/20 कैपिटल और 03349/50 कोलकाता गरीब रथ के विस्तारित रूप में आरा तक स्पेशल ट्रेन के रूप में चलती है। इसके अलावा 03303/04 दानापुर आरा स्पेशल के फेरों में भी 1 फरवरी तक वृद्धि की गई है जो जयनगर इंटरसिटी के रैक से चलाई जाती है। दीवाली छठ के समय इन तीनों गाड़ियों का विस्तार आरा तक स्पेशल ट्रेन के नंबरों से किया गया था। तब से अब तक दो बार इन ट्रेनों के फेरों में वृद्धि की गई है मगर 1 जनवरी से लागू हो रहे नए टाइमटेबल में इन गाड़ियों के आरा जंक्शन तक स्थाई विस्तार नहीं मिलने से यात्रियों में गहरी निराशा है। 
इन सभी ट्रेनों का रखरखाव आरा जंक्शन कोचिंग कॉम्प्लेक्स में सफलता से हो रहा है। कैपिटल एक्सप्रेस के रैक से 13287/88 आरा दुर्ग साउथ बिहार का परिचालन भी हो रहा है जिससे यह ट्रेन अब सही समय पर आरा से रवाना होती है। यात्रियों में भय है कि अगर इन ट्रेनों का स्थाई रूप से विस्तार नहीं हुआ तो साउथ बिहार का परिचालन भी एक बार फिर से बेपटरी हो जाएगा। इन स्पेशल नंबर वाली ट्रेनों में आरा से कोलकाता, गुवाहाटी अथवा जयनगर तक आरक्षण भी नहीं हो पा रहा। यात्रियों का कहना है कि स्थाई विस्तार के बाद इन सभी ट्रेनों में आरा से आरक्षण संभव हो सकेगा। जिले के प्रमुख यात्री संगठन आरा जंक्शन रेलफैन क्लब और द भोजपुर फाउंडेशन के सदस्यों ने कहा कि स्थानीय सांसद सुदामा प्रसाद रेलवे की संसदीय समिति के सदस्य हैं बावजूद इसके उनके द्वारा कोलकाता गरीब रथ, कैपिटल, जयनगर इंटरसिटी के आरा तक स्थाई विस्तार को लेकर कोई पहल नहीं हो रही है ना ही पटना इंदौर और राजधानी एक्सप्रेस के ठहराव को लेकर कोई ठोस बात नहीं हुई। यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। आरा जंक्शन रेलफैन क्लब के राजेश कुमार, अमित कुमार, प्रिंस कुमार ने बताया कि पूमरे के अधिकारियों को इन सभी मुद्दों खासकर ट्रेनों के आरा तक विस्तार को लेकर पत्र भी लिखा गया मगर सांसद महोदय की अनदेखी से नए टाइमटेबल में ना तो इन गाड़ियों को आरा से खुलने की पहल हुई ना ही किसी ट्रेन का ठहराव ही मिला। ज्ञात हो कि पिछले साल प्राप्त राजस्व आंकड़ों के अनुसार आरा जंक्शन पूमरे की टॉप 10 सूची में है और बड़ी संख्या में यात्री कोलकाता, गुवाहाटी, उत्तर बिहार, दिल्ली और इंदौर जैसे शहरों की यात्रा करते हैं मगर सीधी ट्रेन सेवा ना होने से परेशानी उठानी पड़ती है।

