शोभा यात्रा में सम्मिलित सभी राम भक्त नमनीय:महासचिव शंभू चौरसिया
आरा/भोजपुर (डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा) 17 अप्रैल।आज मर्यादा पुरुषोत्तम राम के जन्मोत्सव पर पूरा जनपद खुशियों से झूमता रहा।दिनभर जय श्री राम के जय घोष से पूरा शहर गुंजता रहा, वातावरण राम मय दिखा।
भगवा वस्त्र, भगवा झंडा और जय श्री राम का नाम, इसमें लाउड स्पीकर से प्रभु श्री राम का भजन, बड़े, बूढ़े, जवान, युवा ,बच्चे ,सभी रोड पर थिरकते रहे। कड़कड़ाती धूप भी युवाओं के हौंसला को नहीं रोक सकीं। न जाने कहां से इन श्रद्धालु भक्तों में राम के प्रति इतना प्यार ,उत्साह ,उमंग, सब एक साथ साथ देखने को मिली। हजारों की भीड़ सड़कों पर धीरे-धीरे स्वतः आगे बढती रही।
आज रामनवमी के पावन अवसर पर निर्धारित कार्यक्रम स्थल महादेवा हनुमान मंदिर से प्रतिवर्ष की भांति रामनवमी शोभा यात्रा समिति के तत्वाधान में पूर्व की भांति इस बार भी कार्यक्रम भव्यता के साथ आयोजित करने के लिए जो संकल्प लिया गया था उसके अनुरूप आयोजन हुआ।
रामनवमी शोभा यात्रा समिति के अध्यक्ष संत शिवदास जी महाराज एवं उनके सहयोगी सहित महासचिव शंभू चौरसिया एवं केंद्रीय समिति के सदस्य उपस्थित रहे । अध्यक्ष के सानिध्य में गोकुल सिंह यजमान के रूप में विधिवत प्रभु श्री राम की पूजा अर्चना हवन आरती प्रसाद वितरण आदि हुआ। तत्पश्चात प्रभु श्री राम को श्रद्धालु भक्तों ने मनोकामना रथ पर असिन कराया और सजावट के बाद रजत महादेव से पूरे श्रद्धालु भक्तों के साथ राम गढ़िया राम जानकी मंदिर के लिए प्रस्थान किया गया।
इस आयोजन के लिए जिला प्रशासन की पूरी तरह से चौकसी
बनाये रहा। जुलूस के आगे तक पेट्रोलिंग करती, सायरन बजाती हुई गाड़ियां लोगों को रोड से साइड कराती रही और प्रभु श्री राम का रथ सुगमता पूर्वक गंतव्य तक बढ़ता रहा ।सुरक्षा की दृष्टि से हर मोड, चौक चौराहे , यहां तक रोड पर भी पर भी मजिस्ट्रेट के साथ पुलिस टुकरियां तैनात रही,भीड़ को नियंत्रित करते रही। जुलूस के प्रारंभ स्थल महादेवा हनुमान मंदिर से लेकर रामगढ़िया राम जानकी मंदिर तक जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक,सदर एसडीओ,थाना प्रभारी, मजिस्ट्रेट पुरी टीम के साथ स्वयं स्थिति का जायजा लेते रहे।
राम गढ़िया राम जानकी मंदिर ऐतिहासिक धरोहर का हिस्सा है। जहां से प्रतिवर्ष पुजारी जी द्वारा श्रीराम की पूजा, आरती के बाद ही जुलूस का शुभारंभ होता है।
इस बार चुनाव आचार संहिता के कारण वहां विशेष व्यवस्था नहीं दिखी, न कोई बड़े नेता दिखाई दिए।
शोभा यात्रा के साथ साथ अनेक झांकियां भी इसकी कड़ी है।जिसके लिए पूर्व से मंदिर और मुहल्ला समितियों संपर्क और तैयारी रहती है। यह ऐतिहासिक पहल लोगों की पसंद तथा अच्छे प्रदर्शन वाली झांकियों को सम्मानित और पुरस्कार भी समिति से दी जाती है।
सामाजिक सौहार्द का प्रतीक शहर की सभी सामाजिक संगठन अपने-अपने स्तर से श्रद्धालु भक्तों को सेवा देने का काम करते हैं।शहर में प्रतिवर्ष 50 से ज्यादा टेंट, पंडाल लगाकर स्वयं सेवक ठंडा पानी,शरबत,मीठा, मुरब्बा, बुंदिया, प्रसाद,मुरी, लड्डू,
रुह आबजा, आदि का वितरण करते हैं जो अनेकता में एकता का पैगाम देता है।प्रभु श्रीराम का अनेक स्थानों पर आरती आस्था का प्रतीक। अनेक मोड़ पर श्रद्धावान पुरुष व महिलाएं, फूल माला प्रसाद की थाल आरती करते देखी गयी जो प्रभु श्री राम के प्रति अटूट श्रद्धा का प्रतीक है।



शोभा यात्रा में सम्मिलित सभी राम भक्त नमनीय:महासचिव शंभू चौरसिया