आरा/भोजपुर (डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा) 23 अगस्त।जगजीवन कॉलेज आरा में सात दिवसीय फैकेल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम का समापन कार्यक्रम प्राचार्या आभा सिंह की अध्यक्षता में संपन्न हुआ। जिसमें शिक्षक कर्मचारी छात्र-छात्राएं बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। समापन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्राचार्या प्रो आभा सिंह ने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में अनेक क्रांतिकारी परिवर्तन हुए हैं, जिसमें डिजिटल उपकरण आ जाने से एजुकेशन का महत्व बढ़ गया है। इसलिए डिजिटल ऑपरेटर के बारे में जानना, चलाना अति महत्वपूर्ण हो गया है। इसके लिए कॉलेज प्रशासन विशेष शिक्षा देने के लिए सात दिनों से इसके एक्सपर्ट विशेष रूप से स्मार्ट बोर्ड, इंटरएक्टिव बोर्ड आदि संचालन का विशेष रूप से ट्रेनिंग दिया जा रहा था।जबतक स्वयं डिजिटल शिक्षा के क्षेत्र में निपुण न बनेंगे तब तक छात्र-छात्राओं को निपुण नहीं बनाया जा सकेगा। इसकी आवश्यकता को देखते हुए विशेष रूप से ट्रेनिंग प्रोग्राम चलाया गया। इससे सभी शिक्षको को काफी जानकारी मिली।कार्यक्रम आईक्यूएसी के तत्वावधान में दिनांक 17 से 23अगस्त तक चला।
कॉलेज के शिक्षकों ने इसे लाभकारी कार्यक्रम बताया।कार्यक्रम के विषय विशेषज्ञों ने प्रमुख टूल्स,सोर्सेस, इंटरएक्टिव पैनल और स्मार्ट बोर्ड के विषय में प्रशिक्षण दिये जिसमें हार्डवेयर एंड सॉफ्टवेयर इंटीग्रेशन,इंटरएक्टिव कंट्रोल क्रिएशन ,विजुअल लर्निंग ऐड रियल टाइम फीडबैक,डिजिटल मल्टीमीडिया ,डिजिटल रिसोर्स शेयरिंग ,डाटा कलेक्शन एंड एसेसिनेशन,रिमोट लर्निंग एंड एक्सेसिबिलिटी आदि रहा।
प्राचार्या ने बताया कि सभी शिक्षकों को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर लाना जरूरी था जिससे कि वे न केवल अपने कॉलेज के छात्र-छात्राओं को बल्कि इंटरएक्टिव बोर्ड के माध्यम से दूसरे वरीय शिक्षकों का भी क्लास आराम से बैठकर कर सकते हैं। बी प्लस ग्रेडेशन होने के कारण सरकार से पांच इंटरएक्टिव बोर्ड प्राप्त हुए हैं
जिसे पूरी तरह से कनेक्ट कर दिया गया है। चुकी दिनों दिन इसकी उपयोगिता बढ़ रही है इसलिए आने वाले दिनों में सभी शिक्षकेत्तर कर्मियों को भी इसकी ट्रेनिंग दी जायेगी।
