
आरा/भोजपुर (डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा)04 फरवरी।बड़हरा प्रखंड अंतर्गत आयुष्मान आरोग्य मंदिर, कर्जा उत्क्रमित मध्य विद्यालय में फाइलेरिया जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में छात्र-छात्राएं एवं शिक्षक उपस्थित रहे।कार्यक्रम में CHO-PSP सह सदस्य सुनीता सैनी द्वारा बताया गया कि फाइलेरिया बीमारी संक्रमित मच्छर के काटने से फैलती है तथा इसके लक्षण 05–10 वर्षों बाद दिखाई देते हैं। यह बीमारी मुख्य रूप से पैर, हाथ, महिलाओं के स्तन एवं पुरुषों के अंडकोष को प्रभावित करती है। फाइलेरिया लाइलाज है, परंतु इसकी रोकथाम संभव है । 10 फरवरी से एमडीए (MDA) कार्यक्रम की शुरुआत होगी, जिसमें आशा कार्यकर्ता घर-घर जाकर दवा खिलाएंगी। सभी लोगों से अपील की गई कि वे पूरा परिवार मिलकर दवा का सेवन करें। दवा लेने के बाद हल्की उल्टी, चक्कर या बुखार हो सकता है, जो सामान्य है। अधिक परेशानी होने पर आयुष्मान आरोग्य मंदिर या प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करने की सलाह दी गई। इसके साथ ही योग शिक्षक विक्रमादित्य के द्वारा योग के बारे में जानकारी दी गई
