
आरा/भोजपुर (डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा)15 सितंबर। लोकआस्था का महापर्व जीवतिया के पावन अवसर पर रविवार को कोईलवर नगर पंचायत अंतर्गत सोन नदी के तट पर स्थित गोरैया घाट के समीप बाबा दिनेश्वर नाथ धामत में हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। सूरज की पहली किरण के साथ ही श्रद्धालु स्नान कर व्रत की पूजा-अर्चना में जुट गए। पूरे क्षेत्र में भक्तिमय वातावरण का संचार हो गया और स्थल पर एक भव्य मेले का दृश्य देखने को मिला।
श्रद्धालु महिलाएं पारंपरिक वेशभूषा में, सिर पर पूजा की डलिया लिए, अपने बच्चों के लंबी उम्र और सुख-समृद्धि की कामना के साथ बाबा दिनेश्वर नाथ की शरण में पहुँचीं। जलाभिषेक, दीप प्रज्वलन, पुष्प अर्पण एवं व्रत कथा पाठ जैसे धार्मिक क्रियाकलाप पूरे श्रद्धा भाव के साथ संपन्न हुए।
स्थानीय लोगों और प्रशासन की ओर से व्यवस्था भी चाक-चौबंद दिखी। घाट की सफाई, सुरक्षा व्यवस्था और प्राथमिक चिकित्सा की व्यवस्था की गई थी। स्थानीय युवकों ने भी स्वेच्छा से श्रद्धालुओं की सहायता में भाग लिया।वहीं, मंदिर परिसर और घाट के आसपास छोटे-छोटे दुकानों की कतारें लग गईं। खिलौने, प्रसाद, पूजन सामग्री से लेकर स्थानीय व्यंजनों की खुशबू चारों ओर फैल रही थी। बच्चों से लेकर वृद्ध तक, सभी के चेहरे पर पर्व की खुशी झलक रही थी।
बाबा दिनेश्वर नाथ धाम न केवल स्थानीय आस्था का केंद्र है, बल्कि यह पर्व के दौरान क्षेत्रीय सांस्कृतिक गतिविधियों का भी मुख्य केंद्र बन जाता है। ऐसी मान्यता है कि यहाँ सच्चे मन से की गई प्रार्थना और व्रत का फल अवश्य मिलता है।
इस प्रकार जीवितपुत्रिका व्रत के अवसर पर गोरैया घाट स्थित बाबा दिनेश्वर नाथ धाम पूरी तरह से श्रद्धा, आस्था और उत्सव के रंग में रंगा नजर आया।
एक श्रद्धालु महिला ने कहा: “मैं हर साल यहाँ आती हूँ और बाबा से अपने बेटे की सलामती की प्रार्थना करती हूँ। यहाँ आकर मानसिक शांति और विशेष ऊर्जा का संचार होता है साथ ही सच्चे मन से मांगी गई मुरादे पूरी होती है।
