राज्य मंत्री के.पी. मलिक व जिलाधिकारी अस्मिता लाल ने किए नियुक्ति पत्र वितरित, युवाओं से ईमानदारी व निष्ठा से काम करने का आह्वान।

सिफारिश और भेदभाव की व्यवस्था खत्म, अब मेहनत और योग्यता ही है चयन का आधार।

भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी, तकनीक आधारित और निष्पक्ष; बागपत के पाँच अभ्यर्थी भी हुए चयनित।
RKTV NEWS/बागपत(उत्तर प्रदेश)08 सितम्बर। उत्तर प्रदेश सरकार के महत्वाकांक्षी मिशन रोजगार अभियान के अंतर्गत प्रदेशभर में युवाओं को सरकारी सेवाओं में अवसर प्रदान करने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। इसी क्रम में कनिष्ठ सहायकों एवं एक्स-रे टेक्नीशियन की नियुक्ति प्रक्रिया पूर्ण कर ली गई है।
आज लखनऊ में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 1112 कनिष्ठ सहायकों और 22 एक्स-रे टेक्नीशियनों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए। इस अवसर का सीधा प्रसारण कलेक्ट्रेट सभागार, बागपत में भी किया गया, जहां जनपद से चयनित पाँच अभ्यर्थियों को वन, पर्यावरण, जंतु उद्यान एवं जलवायु परिवर्तन राज्य मंत्री के.पी. मलिक तथा जिलाधिकारी अस्मिता लाल ने नियुक्ति पत्र सौंपे।
इस अवसर पर बागपत से चयनित अभ्यर्थी प्रशांत (तैनाती- मुजफ्फरनगर), शुभांशु (तैनाती- गाजियाबाद), सोनू राठी (तैनाती- संजय नगर जिला संयुक्त चिकित्सालय, गाजियाबाद), विजय कुमार (तैनाती- मुजफ्फरनगर) और विकास तोमर (तैनाती- मुजफ्फरनगर) को नियुक्ति पत्र प्राप्त हुए।
लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में कहा कि प्रदेश सरकार युवाओं को रोजगार के अधिक से अधिक अवसर उपलब्ध कराने के लिए कृतसंकल्प है। यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प को गति प्रदान कर रहा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि भर्ती प्रक्रिया अब पूरी तरह पारदर्शी, तकनीक आधारित और निष्पक्ष हो चुकी है। पहले की तरह न तो किसी प्रकार का भेदभाव है और न ही किसी प्रकार की सिफारिश चलती है। योग्यतानुसार चयन की यह व्यवस्था न केवल युवाओं में विश्वास जगा रही है, बल्कि प्रदेश के प्रशासनिक और स्वास्थ्य तंत्र को नई ऊर्जा भी प्रदान कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस प्रकार की भर्ती व्यवस्था से यह सुनिश्चित हुआ है कि केवल परिश्रमी और योग्य अभ्यर्थियों को अवसर मिले और वे समाज की सेवा कर सकें। स्वस्थ व्यक्ति ही सशक्त समाज और राष्ट्र के निर्माण में योगदान दे सकता है।
इसी प्रकार प्रदेश में अब तक लगभग साढ़े आठ लाख युवाओं को पुलिस, शिक्षा, कृषि, जल संसाधन आदि विभागों में सरकारी सेवा का अवसर मिला है। अब योग्य अभ्यर्थियों की चयन प्रक्रिया समयबद्ध और पारदर्शी ढंग से पूरी की जा रही है। प्रदेश में अब तक कुल 2 लाख 19 हजार पुलिस कार्मिकों की भर्ती की जा चुकी है। हाल ही में 60 हजार 200 पुलिस कार्मिकों की भर्ती सम्पन्न हुई है। पिछले आठ वर्षों में प्रदेश की विकास गति में उल्लेखनीय सुधार हुआ है और इसी का परिणाम है कि चालू वित्तीय वर्ष के अंत तक उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था 35 लाख करोड़ रुपये तक पहुँचने की ओर अग्रसर है। यह उपलब्धि संभव हो सकी है क्योंकि युवाओं को बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग में हाल ही में पारदर्शी ढंग से सम्पन्न हुई नियुक्तियाँ इसका सशक्त उदाहरण हैं, जो आज प्रदेश के विकास में अहम योगदान दे रही हैं।
आज उत्तर प्रदेश में वन डिस्ट्रिक्ट, वन मेडिकल कॉलेज की तर्ज पर गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं का तेजी से विस्तार हो रहा है। जनपद स्तर पर लोगों को अब बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। प्रदेश में अब तक 05 करोड़ 34 लाख से अधिक परिवारों को आयुष्मान कार्ड से लाभान्वित किया जा चुका है। इनमें से 80 लाख से अधिक लाभार्थियों ने उपचार की सुविधा प्राप्त की है, जिसके लिए राज्य और केंद्र सरकार द्वारा 03 हजार करोड़ रुपये से अधिक की धनराशि का भुगतान किया गया है। इसके अतिरिक्त हाल ही में प्रदेश सरकार ने 11 लाख शिक्षकों के लिए कैशलेस उपचार सुविधा की घोषणा की है। आज प्रदेश के हर जनपद में ब्लड बैंक, आईसीयू, डायलिसिस यूनिट सहित तमाम अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। यह प्रदेश सरकार की स्पष्ट इच्छाशक्ति को दर्शाता है कि जनता की सेवा के लिए योग्य सरकारी कार्मिकों का चयन किया जाए और स्वास्थ्य सुविधाओं को गांव-गांव और हर परिवार तक पहुंचाया जाए। हर नागरिक यदि अपनी अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन करें तो देश जल्द ही विकसित भारत लक्ष्य को प्राप्त करेगा।
कलेक्ट्रेट सभागार, बागपत में आयोजित कार्यक्रम में राज्य मंत्री के.पी. मलिक ने कहा कि सरकार का उद्देश्य किसी भी प्रतिभाशाली युवा को अवसर से वंचित न होने देना है। उन्होंने चयनित अभ्यर्थियों को बधाई देते हुए कहा कि भर्ती प्रक्रिया अब पूरी तरह पारदर्शी है और यह प्रक्रिया युवाओं को आश्वस्त करती है कि उनके भविष्य के साथ कोई खिलवाड़ नहीं होगा। नई नियुक्तियां न केवल युवाओं के लिए रोजगार का साधन हैं, बल्कि प्रदेश के स्वास्थ्य और प्रशासनिक ढांचे को और मजबूती प्रदान करेंगी। उन्होंने कहा कि रोजगार सृजन प्रदेश सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। मिशन रोजगार के माध्यम से अब तक लाखों युवाओं को विभिन्न विभागों में अवसर दिए जा चुके हैं और आने वाले समय में यह संख्या और बढ़ेगी।
जिलाधिकारी अस्मिता लाल ने चयनित अभ्यर्थियों से कहा कि वे जनता की सेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता दें और शासन की अपेक्षाओं पर खरे उतरें। उन्होंने कहा कि ईमानदारी, जिम्मेदारी और निष्ठा ही सफलता का आधार है और सरकारी सेवा का वास्तविक उद्देश्य समाज को बेहतर सेवाएं प्रदान करना है।
गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग ने विज्ञापन संख्या-08 परीक्षा/2022 के अंतर्गत समूह ‘ग’ की सीधी भर्ती नियमावली 2014 के तहत यह भर्ती प्रक्रिया आयोजित की। लिखित परीक्षा एवं टंकण परीक्षा में सफल अभ्यर्थियों का चयन कर उन्हें चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के अधीन विभिन्न जनपदों में अस्थायी रूप से पदस्थ किया गया है। नियुक्ति ग्रहण करने से पूर्व अभ्यर्थियों को अपने सभी शैक्षिक अभिलेखों की सत्यापित प्रतियां एवं शपथ पत्र प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा।
यह नियुक्ति प्रक्रिया इस तथ्य को रेखांकित करती है कि प्रदेश सरकार मिशन रोजगार के अंतर्गत पारदर्शिता और समान अवसर के सिद्धांत पर काम कर रही है। युवाओं को बिना किसी भेदभाव, पक्षपात और सिफारिश के केवल योग्यता के आधार पर अवसर मिल रहे हैं। इससे न केवल युवाओं के सपनों को पंख मिल रहे हैं, बल्कि प्रदेश का भविष्य भी मजबूत हो रहा है।
इस अवसर पर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ तीरथ लाल डिप्टी सीएमओ डॉक्टर रोबिन अन्य अधिकारीगण मौजूद रहे।

