किराने से लेकर ब्यूटी पार्लर तक 30 छोटे कारोबारों के लिए स्वयं सहायता समूहों को मिलेगा 05 लाख तक ऋण।
RKTV NEWS/बागपत (उत्तर प्रदेश) 30 जुलाई।महिलाओं को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने की दिशा में केनरा बैंक ने एक प्रभावशाली पहल करते हुए अपनी “केनरा स्त्री शक्ति” योजना के अंतर्गत किशनपुर बराल स्थित केनरा बैंक शाखा में विशेष जागरूकता संगोष्ठी का आयोजन किया जिसकी अध्यक्षता क्षेत्रीय कार्यालय बागपत के क्षेत्रीय प्रमुख मिन्हाजुल कमर ने की। इस जागरूकता अभियान में स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी सैकड़ों महिलाओं ने भाग लिया।
संगोष्ठी में स्वयं सहायता समूह की महिलाओं के लिए संचालित केनरा स्त्री शक्ति योजना की जानकारी दी गई जो देशभर के चयनित परिपक्व एवं अच्छा प्रदर्शन करने वाले स्वयं सहायता समूहों की महिला सदस्यों को उद्यम स्थापित करने हेतु वित्तीय सहायता प्रदान करती है। इस योजना के अंतर्गत बैंक द्वारा 30 चिन्हित गतिविधियों के लिए ₹50,000 से लेकर ₹5 लाख तक का ऋण आसान शर्तों पर उपलब्ध कराया जाता है।
इन गतिविधियों में मशरूम की खेती, डेयरी यूनिट, ब्यूटी पार्लर, सिलाई की दुकान, ग्रामीण इको टूरिज्म, फल एवं सब्जी की दुकान, आटा चक्की इकाई, हस्तशिल्प, अगरबत्ती/मोमबत्ती निर्माण जैसे स्वरोजगार के अनगिनत अवसर शामिल हैं। ऋण प्राप्त करने के लिए महिलाओं को दो वर्ष पुराने स्वयं सहायता समूह का सदस्य होना चाहिए, जिसने पूर्व में समय पर बैंक ऋण चुकाया हो। साथ ही कम से कम दो वर्षों का व्यावसायिक रिकॉर्ड आवश्यक है। पात्रता की पहचान एनआरएलएम अथवा एसआरएलएम के माध्यम से की जाती है।
इस अवसर पर केनरा बैंक के मंडल प्रबंधक प्रतीक श्रीवास्तव ने उपस्थित महिलाओं को संबोधित करते हुए योजना की विशेषताओं, पात्रता, आवेदन प्रक्रिया एवं ऋण के पुनर्भुगतान की शर्तों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने केनरा बैंक के अन्य उत्पादों की भी जानकारी साझा करते हुए महिलाओं से अपील की कि वे बैंकिंग सेवाओं से जुड़ें और आत्मनिर्भरता की ओर पहला कदम उठाएं। नजदीकी केनरा बैंक शाखा में जाकर आवेदन कर सकते है।
योजना की अन्य प्रमुख विशेषताओं में ब्याज अनुदान एवं क्रेडिट गारंटी शुल्क की प्रतिपूर्ति का प्रावधान शामिल है। समय पर ऋण चुकाने पर लाभार्थियों को अधिकतम तीन वर्षों की अवधि तक ₹1.50 लाख तक के ऋण पर 2% तक ब्याज अनुदान प्राप्त हो सकता है। साथ ही ₹5 लाख तक के ऋण पर अधिकतम पांच वर्षों के लिए क्रेडिट गारंटी शुल्क की प्रतिपूर्ति की जाएगी। योजना के अंतर्गत ऋण का पुनर्भुगतान सावधि ऋण के लिए पांच वर्षों में, जिसमें तीन महीने की चुकौती अवकाश अवधि शामिल है, तथा कार्यशील पूंजी ऋण के लिए 12 महीनों में किया जाएगा।
दस्तावेजों की प्रक्रिया को भी सरल बनाया गया है। लाभार्थी को केवल सरलीकृत ऋण आवेदन पत्र, व्यक्तिगत एवं इकाई से संबंधित केवाईसी दस्तावेज, एनआरएलएम या एसआरएलएम द्वारा प्राप्त पत्र, गतिविधि स्थल से संबंधित घोषणा, और वस्तु की खरीद को लेकर वचनबद्धता प्रस्तुत करनी होती है। पूर्व कोटेशन की कोई आवश्यकता नहीं है और योजना के अंतर्गत पिछले दो वर्षों की बैलेंस शीट या आयकर/बिक्रीकर रिटर्न की बाध्यता से भी छूट दी गई है। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित महिलाओं ने योजना को उपयोगी एवं प्रेरणादायक बताया और स्वरोजगार की दिशा में कदम बढ़ाने की इच्छा जताई।

