
RKTV NEWS/पटना(बिहार )4 जून।भाकपा-माले के राज्य सचिव कुणाल ने मुजफ्फरपुर के ब्रह्मापुरा स्थित प्रसाद हॉस्पिटल में हुई भीषण अग्निकांड की घटना पर गहरा दुःख व्यक्त करते हुए इसे अत्यंत गंभीर और चिंताजनक बताया है. घटना की जांच के लिए भाकपा-माले की तीन सदस्यीय टीम जिला सचिव जितेन्द्र यादव के नेतृत्व में घटनास्थल पर गई। टीम में दीपक कुमार एवं विवेक कुमार भी शामिल थे.
जांच टीम ने पाया कि पूरा हॉस्पिटल परिसर पुलिस छावनी में तब्दील था. घटना स्थल, विशेषकर ICU वार्ड, को पूरी तरह सील कर दिया गया था और वहां किसी को भी जाने की अनुमति नहीं थी. मौके पर सिटी एसपी एवं एसडीओ (पूर्वी) से टीम की बातचीत हुई.
अधिकारियों ने टीम को बताया कि 15 बेड क्षमता वाले ICU में घटना के समय 12 मरीज भर्ती थे, जिनमें से 5 मरीजों की मौत हो गई, जबकि अन्य मरीजों का इलाज विभिन्न अस्पतालों में चल रहा है.
कुणाल ने कहा कि यह केवल एक दुर्घटना भर नहीं मानी जा सकती. इसकी गहन, निष्पक्ष और उच्च स्तरीय जांच होनी चाहिए ताकि आग लगने के वास्तविक कारणों, सुरक्षा प्रबंधों की स्थिति तथा संभावित लापरवाही की जिम्मेदारी तय की जा सके. यह भी जांच का विषय है कि संबंधित हॉस्पिटल हॉस्पिटल पंजीकरण एवं विनियमन अधिनियम, अग्नि सुरक्षा मानकों तथा अन्य आवश्यक स्वास्थ्य मानकों का पालन कर रहा था या नहीं.
भाकपा-माले ने मांग की है कि इस मामले में स्वास्थ्य विभाग, जिला प्रशासन और संबंधित नियामक संस्थाएं तत्काल हस्तक्षेप कर जवाबदेही तय करें. यदि जांच में हॉस्पिटल प्रबंधन की किसी भी प्रकार की लापरवाही, नियमों के उल्लंघन अथवा सुरक्षा मानकों की अनदेखी सामने आती है, तो उसके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए.
पार्टी ने मृतकों के परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है तथा मांग की है कि सभी मृतकों के आश्रितों को समुचित मुआवजा दिया जाए और घायलों के बेहतर इलाज की पूरी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए.
उन्होंने कहा कि यदि इस मामले में दोषियों को बचाने या जांच को प्रभावित करने की कोशिश की गई, तो भाकपा-माले जनहित में व्यापक जनआंदोलन चलाने के लिए बाध्य होगी.
